फर्रुखाबाद:(नगर संवाददाता) मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गुरुवार को पुलिस लाइन फतेहगढ़ में आयोजित बाढ़ राहत कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी रही। मुख्यमंत्री करीब 11:55 बजे हेलीकॉप्टर से पुलिस लाइन पहुंचे। उनके कार्यक्रम में शामिल होने के लिए सुबह से ही जिले के विभिन्न इलाकों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचने लगे। भीड़
बढ़ने के साथ ही पुलिस ने फतेहगढ़ में कई स्थानों पर बैरियर लगाकर यातायात नियंत्रित किया।मुख्यमंत्री की सभा में प्रवेश से पहले सुरक्षा जांच के दौरान काले कपड़े पहने कई लोगों को पुलिस लाइन के गेट पर रोक दिया गया। कुछ लोगों ने गेट पर ही काले कपड़े उतार दिए, जिसके बाद उन्हें अंदर जाने दिया गया, जबकि कई लोग बिना सभा में शामिल हुए वापस लौट गए।बसों से पहुंचे लोग, स्टेडियम में कराई पार्किंगचारों विधानसभा क्षेत्रों से बसों के जरिए पहुंचे लोगों के वाहनों को फतेहगढ़ स्थित ब्रह्मदत्त स्टेडियम में खड़ा कराया गया। वहां से महिला और पुरुष पैदल पुलिस लाइन स्थित कार्यक्रम स्थल तक पहुंचे। दोपहिया और चारपहिया वाहनों को पुलिस लाइन से पहले गेस्ट हाउस के पास लगाए
गए बैरियर पर रोक दिया गया। अलग-अलग स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था भी की गई थी।सरकारी वाहनों, भाजपा पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के वाहनों को पुलिस लाइन के दूसरे गेट से कार्यक्रम स्थल तक जाने की अनुमति दी गई। भीड़ बढ़ने पर पुलिस ने कई बार बैरियर लगाकर प्रवेश को नियंत्रित किया।बाढ़-कटान की समस्या का ज्ञापन लेकर पहुंचे, कई हिरासत में गंगा और रामगंगा में कटान तथा बाढ़ की समस्या से प्रभावित क्षेत्रों में तटबंध बनवाने की मांग को लेकर कुछ लोग मुख्यमंत्री को ज्ञापन देने पहुंचे थे। इसके अलावा अन्य मांगों से जुड़े पत्र लेकर पहुंचे लोगों को भी पुलिस ने सभा स्थल में प्रवेश करने से रोक
दिया। इनमें से कुछ लोगों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। वहीं, शहर में कुछ लोगों को हाउस अरेस्ट किए जाने की भी चर्चा रही। युवा व्यापार मंडल अध्यक्ष अंकुर श्रीवास्तव कों हाउस अरेस्ट किया गया | गर्मी और उमस से परेशान होकर लौटे लोगसभा स्थल पर क्षमता से अधिक भीड़ पहुंचने के कारण मुख्यमंत्री के आने से पहले ही कई लोग गर्मी और उमस से परेशान होकर वापस लौट गए। पुलिस लाइन गेट पर बार-बार बैरियर लगाकर भीड़ को नियंत्रित करने का प्रयास किया गया, लेकिन लोगों की संख्या लगातार बढ़ती रही। अमृतपुर विधानसभा क्षेत्र से भी बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम में पहुंचे। लोगों में मुख्यमंत्री का भाषण सुनने के साथ बाढ़ राहत सामग्री प्राप्त करने को लेकर भी उत्साह दिखाई दिया। ऊंचे स्थानों से निगरानी, चप्पे-चप्पे पर पुलिस मुख्यमंत्री की सुरक्षा को लेकर पुलिस लाइन और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। ऊंचे स्थानों पर तैनात पुलिसकर्मी दूरबीन से आसपास के क्षेत्र की निगरानी करते रहे। जिला प्रशासन के अधिकारी भी लगातार सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर नजर बनाए रहे। कार्यक्रम खत्म होते ही जाम जैसे हालात
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से रवाना होने के बाद सभा स्थल से लोगों के एक साथ बाहर निकलने के कारण कुछ समय के लिए जाम जैसे हालात बन गए। बीएसए कार्यालय और पुलिस लाइन के आसपास रहने वाले दोपहिया वाहन चालकों की बैरियर हटाने को लेकर पुलिस से हल्की नोकझोंक भी हुई। स्थानीय लोगों का कहना था कि जगह-जगह बैरियर लगाए जाने से वे अपने घरों और ड्यूटी स्थलों तक वाहनों से नहीं पहुंच पाये। नगर पालिका के सफाई कर्मचारियों और बिजली विभाग के कुछ कर्मचारियों के वाहनों को भी बैरियर पर रोके जाने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ा। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के पुख्ता इंतजाम किए, लेकिन कड़े प्रवेश प्रतिबंधों और यातायात नियंत्रण के चलते आम लोगों को भी कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
सीएम योगी के सभा स्थल पर काले कपड़ों पर रही पाबंदी, चाक-चौबंद रही सुरक्षा
[adrotate banner="3"]
[adrotate banner="2"]



