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प्रेमिकाओं ने धावा बोला तो दुल्हा हो गया 9 दो 11

बुलंदशहर|| उत्तरप्रदेश के बुलंदशहर में एक युवक को तीन युवतियों संग रासलीला रचाना महंगा पड़ा। सुहागरात से ठीक पहले तीनों प्रेमिकाओं ने उसके घर पर धावा बोल दिया। हंगामे की जानकारी मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई लेकिन उससे पहले ही युवक फरार हो चुका था।

मामला बुलंदशहर के आनंद विहार इलाके का है। यहां के रहने वाले एक युवक पर तीन युवतियों ने आरोप लगाया है कि उसने शादी के नाम पर उन्हें धोखा दिया और उनका यौन शोषण किया। शादी की बात करने पर उसने तीनों से यही कहा कि वह उनसे प्यार करता है पर शादी नहीं कर सकता और दूसरी तरफ उसने अपने मां-बाप के कहने पर एक लड़की से शादी कर ली।

धोखेबाज युवक की शादी के बारे में जब तीनों को पता चला तो युवतियां उसके घर आ धमकी। शादी तो हो चुकी थी। नई दुल्हन घर आ चुकी थी। यह सब देख तीनों का पारा चढ़ गया और तीनों ने वहीं हंगामा शुरू कर दिया। युवक भी मामला गरमाता देख आरोपी मौके से फरार हो गया। लेकिन यवतियों का हंगामा जारी था।

सूचना पुलिस तक पहुंची तो वह भी मौके पर पहुंच गई लेकिन युवतियों के तहरीर न देने पर पुलिस ने भी कोई कार्यवाई नहीं की।एरिया चौकी इंचार्ज जीवाराम ने बताया कि अभी तो कोई कार्यवाई नहीं हुई है लेकिन तहरीर दी गई तो हम आरोपी को छोड़ेंगे नहीं।

सैनिक ने प्रेमिका के साथ की आत्महत्या

बरेली|| उत्तर प्रदेश के बरेली जिला में एक सैनिक ने प्रेमिका के साथ जहर खाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस के अनुसार बरेली में शाही थाना के गांव दौद आलमपुर निवासी राजेन्द्र प्रसाद जाटव असम में सेना कोर का जवान है और वह एक सप्ताह के अवकाश पर वह यहां आया था। उसके साथ उसकी प्रेमिका भी यहां आई जबकि उसकी पत्नी कुसुम देवी मायके में थी।

आज सुबह सैनिक राजेन्द्र प्रसाद (30) और प्रेमिका शर्मा (25) ने जहर खाकर आत्महत्या कर दी। उपमहानिरीक्षक प्रकाश डी. ने घटनाक्रम के तथ्यो की छानवीन करने के निर्देश दिए हैं।

पुलिस का लालू के आवास पर छापा, व्यापारी फरार

फर्रुखाबाद: शहर कोतवाली पुलिस ने बीती रात धान मिल मालिक एवं गल्ला आढ़ती अनिल कुमार उर्फ़ लालू कनौजिया आदि की तलाश में उनके आवास पर छापा मारा| पुलिस कार्रवाई की भनक मिल जाने के कारण चालांक व्यापारी लालू ने पहले ही घर छोड़ दिया था| उन्होंने सुरक्षित स्थान पर अड्डा जमाया है|

नगर के मोहल्ला अंबेडकर नगर निवासी स्वर्गीय गंगाराम गुप्ता के पुत्र मुकेश कुमार गल्ला व्यापारी ने लिंजीगंज निवासी गल्ला आढ़ती लालू कनौजिया उनके भतीजे अंकित, साला धर्मवीर व चाचा ब्रह्मा तथा तीन अज्ञात नौकरों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई|

पुलिस ने आईपीसी की धारा १४७,१४८,१४९,३२३,५०४,५०६ के तहत रिपोर्ट दर्ज कर दरोगा अनूप सिंह को विवेचना सौंप दी| विवेचक ने बीती रात ही लालू आदि की तलाश में उनके आवास पर छापा मारा|

व्यापारी मुकेश ने बताया कि ५ दिसंबर को मैंने ३६ कुंटल धान लालू को बेंचा था| वह भुगतान करने में टाल-मटोल करते रहे| बीती शाम तगादा किये जाने पर लालू आदि ने गाली-गलौज मारपीट कर अपमानित किया तथा दोबारा तगादा करने पर लायेसेंसी रिवाल्वर व रायफल से जान से मारने की धमकी दी| उन्होंने बताया कि शिवेंद्र मिश्रा व शिल्लू गुप्ता ने मुझे पिटने से बचाया|

लालू के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज करने को लेकर इंस्पेक्टर क्रष्ण कुमार व एसएसआई शिवशंकर शुक्ला ने अलग-अलग धाराओं में तहरीर लिखाने का निर्देश दिया| जिसके कारण कई तहरीरें लिखकर फाड़ी गईं|

रकम के अनुसार आकार बदल लेता है पर्स

अगर आप अपने खर्च पर नियंत्रण नहीं रख पाते हैं तो आपके लिए पीकॉक पर्स बेहतर विकल्‍प हो सकता है। क्‍योंकि यह खर्च पर लगाम लगाता है। इस पर्स की खूबी यह है कि यह आपको आगाह करता रहता है कि फिलहाल आपकी आर्थिक स्थिति कैसी है।

इसके 3 संस्करण हैं। पहला पर्स ऐसा है जो आपके बैंक बैलेंस के हिसाब से छोटा या बडा होता रहता है, दूसरा पर्स ऐसा है जो बैंक बैलेंस कम होते ही अपने आप अपने मुख को सिकोड लेता है और आपको पैसे निकालने के लिए मेहनत करनी पडती है और तीसरा पर्स ऐसा है जो आपके द्वारा खरीददारी की जाने पर झनझनाहट करने लगता है।

इस पर्स के अंदर एक मिनी कम्प्यूटर और ब्लूटूथ डिवाइज़ लगी है जो आपके मोबाइल के माध्यम से आपके बैंक खाते और क्रेडिट कार्ड से जुड़ी होती है। जब भी आपका बैंक खाता कम बैलेंस दिखाता है अथवा क्रेडिट कार्ड का खर्च बढने लगता है तो आपका पर्स उस हिसाब से व्यवहार करने लगता है। फिलहाल यह पर्स परीक्षणावस्था में है।

सिपाही की पत्नी को घायल कर कुंडल नोचे

फर्रुखाबाद: सिपाही के पत्नी नाजमी को घायल कर उसके कुंडल लूट लिए गए| कोतवाली फतेहगढ़ पुलिस ने मोहल्ला ग्रानगंज निवासी सिपाही मोहम्मद हसन की ५० वर्षीय पत्नी नाजमी का लोहिया अस्पताल में डाक्टरी परीक्षण कराया|

नाजमी ने बताया कि पति पुलिस लाइन में सिपाही हैं| मै मकान मालिक को किराया देने गई तो अन्य किरायेदार रिशीपाल उनकी पत्नी, बहन विनीता व भांजे ने लोहो के पाईप आदि से घायल कर दिया तथा कुंडल नोच लिए| जिन्होंने मकान मालिक देशराज व उनकी पुत्री रेहाना पर भी हमला किया| इंस्पेक्टर सिराज अहमद ने बताया कि लूट की नहीं मारपीट की घटना हुई है|

निःशुल्क विशाल नेत्र शल्यचिकित्सा शिविर १२ से १४ तक

फर्रुखाबाद: श्री राधा कृपाश्रित लोक हितकारी सार्वभौम संगठन न्यास ने १२ से १४ दिसंबर तक फतेहगढ़ के सीतापुर आई हॉस्पिटल में विशाल नेत्र शल्यचिकित्सा शिविर का आयोजन किया है|

राधा मंदिर में आयोजित गोष्ठी में न्यास के संरक्षक डॉ मनमोहन गोश्वामी व अध्यक्ष मनोज मेहरोत्रा ने पत्रकारों को बताया कि १२ दिसंबर को प्रातः ९ बजे से शिविर स्थल पर मरीजों का पंजीकरण किया जाएगा| विख्यात नेत्र शल्यचिकित्सक डॉ अरविन्द कटियार आँखों की निःशुल्क जांच एवं मोतियाबिंद के आपरेशन व लैंस प्रत्यारोपण( IOL ) विध से करेंगें|

मरीजों को भोजन, बिस्तर, दवाईयां, दूध फल एवं चश्मे निःशुल्क दिए जायेंगें| मरीजों को अपने साथ किसी मददगार को लाने की सलाह दी गयी| बैठक में व्यापार मंडल बंसल गुट के जिलाध्यक्ष रोहित गोयल, करुना निधि अग्रवाल, सुरेन्द्र सफ्फड़, कमल सिगातिया आदि समाजसेवी मौजूद रहे|

सुविधा: डाकघर से ही रेल आरक्षण भी

इलाहाबाद|| रेल आरक्षण के लिए अब स्टेशन और टिकट काउंटरों पर लाइन लगाने की जरूरत नहीं। रेलवे बोर्ड ने प्रदेश में 16 स्थानों सहित देश में 162 डाकघरों में यह सुविधा शुरू करने का निश्चय किया है।

रेलवे बोर्ड की नीति है कि जहां भी भीड़ और आवश्यकता हो वहां प्रमुख डाकघर और रेल डाकघर में यह सुविधा उपलब्ध करायी जाए। इलाहाबाद, आगरा, झांसी मंडल के प्रमुख स्टेशनों पर इसे लेकर तेजी से काम हो रहा है। वैसे औरेया के डाकघर से आरक्षित रेल टिकट देने की शुरूआत हो चुकी है।

इन जगहों से जल्द मिलेगा टिकट

यूपी के इलाहाबाद, आगरा, कानपुर, झांसी, मुगलसराय, मेरठ, मुरादाबाद, चित्रकूट, वाराणसी, रायबरेली, गोरखपुर, अलीगढ़, मथुरा, गाजीपुर, बलिया, बरेली समेत देश के अन्य जोन के चयनित डाकघरों से 2011 के मध्य तक टिकट देने की शुरूआत हो जाएगी।

टिकटों पर लगेगा चार्ज

डाकघर से आरक्षित टिकट लेने पर रेलवे बोर्ड की नीति के अनुरूप सर्विस चार्ज भी लगेगा। इसमें सेकेंड क्लास स्लीपर और सेकेंड क्लास सिटिंग में 15 रुपये, थर्ड एसी और एसी चेयर कार में 20 रुपये तथा सेकेंड एसी, फ‌र्स्ट एसी और फ‌र्स्ट क्लास में 30 रुपये चार्ज लगेगा। टिकट निरस्त कराने की सुविधा भी डाकघर के आरक्षण काउंटर पर होगी। सभी श्रेणियों के टिकट कैंसिल कराने पर दस रुपये चार्ज लगेगा।

थकान भी बन जाती है वरदान

थकान जरूरत भी है और बीमारी भी। यदि जीवन का संतुलन बिगड़ा और थकान आई तो समझ लीजिए बीमारी आई और यदि वापस ऊर्जा अर्जित करने के लिए विश्राम किया जा रहा है तो ऐसी थकान वरदान भी साबित हो सकती है। इन दिनों जिस तरह की हमारी जीवनशैली है इसमें असंतुलन बहुत अधिक है।
खान-पान, काम-काज, बोल-चाल, रहन-सहन यहां तक उठने-बैठने में भी असंतुलन है।

सुबह उठने से लेकर रात सोने तक शरीर की कुछ नियमित क्रियाएं हैं। आदमी उसे भूल गया है। चलिए महापुरुषों की ओर चलते हैं। बुद्ध बहुत काम किया करते थे और कभी थकते नहीं थे। आज भी कई साधु-संत उतना ही परिश्रम कर रहे हैं जितना एक कॉर्पोरेट जगत का सफल व्यक्ति। फकीर जब रात को सोते हैं तो पूरी बेफिक्री के साथ सो जाते हैं। बुद्ध से उनके शिष्यों ने एक बार पूछा था-आप थकते नहीं। बुद्ध का उत्तर था जब मैं कुछ करता ही नहीं तो थकूंगा कैसे। बात सुनने में अजीब लगती है लेकिन है बड़ी गहरी। अध्यात्म ने इसे साक्षी भाव कहा है।

स्वयं को करते हुए देखना। यह वह स्थिति होती है जब तन सक्रिय होता है और मन विश्राम की मुद्रा में रहता है। आज ज्यादातर लोग असमय, अकारण थक जाते हैं, जिसका एक बड़ा कारण है असंतुलित जीवन। एक होता है थकान को महसूस करना और दूसरा है स्वाभाविक थकान।

जिस समय आपकी रूचियों में, इच्छाओं में और मूल स्वभाव में धीमापन आने लगे, अकारण चिढ़चिढ़ाहट हो जाए, समझ लीजिए यह थकान बीमारी है। इसलिए प्रतिदिन थोड़ा योग, प्राणायाम, ध्यान करें। ये क्रियाएं अपनेआप में एक विश्राम है। करने वाला कोई और है हम तो कठपुतली हैं उसके हाथ की, यह मनोभाव भी थकान को मिटाएगा। क्या दिक्कत है ऐसा सोच लेने में।

प्रदूषण अल्पविकसित बच्चों के लिए बना काल

यदि आप शोर शराबे वाले इलाके में रहती है और फैमिली प्‍लान करने के बारे में सोच रही हैं तो घर बदलना आपके बच्‍चे के लिए बेहतर होगा। क्‍योंकि जापान के ओकायामा ‘ग्रेजुएट स्कूल ऑफ मेडीसिन’ के अध्ययनकर्ता टकेशी योरिफुजी का कहना है कि कि यातायात से होने वाला वायु व ध्वनि प्रदूषण अल्पविकसित बच्चों के जन्म के लिए जिम्मेदार है।

उनका कहना है कि शांत इलाकों में रहने वाली महिलाओं की तुलना में शोर शराबे वाले इलाके में रहने वाली महिलाओं में अल्पविकसित शिशुओं को जन्म देने का खतरा ज्यादा रहता है।

शोधकर्ताओं ने टोक्यो से 94 मील दूर स्थित शिजुओका में 1997 व 2008 के बीच जन्में 14,000 से ज्यादा शिशुओं पर अध्‍ययन किया गया। उन्‍होंने पाया कि यूं तो सामान्य गर्भावस्था 40 सप्ताह तक होती है। लेकिन शोर शराबे वाले इलाके में रहने वाली 15 प्रतिशत महिलाएं सड़कों से दूर रहने वाली 10 प्रतिशत महिलाओं की तुलना में 37 सप्ताह में ही अपने बच्चे को जन्म दे देती हैं।

यूं तो महिला की आयु, तनाव और बीमारी के कारण भी अल्पविकसित शिशु का जन्‍म होता है लेकिन शोर शराबे वाले इलाके में रहने वाली महिलाओं में ऐसे बच्चों को जन्म देने का खतरा 50 प्रतिशत तक बढ़ जाता है। ये 28 से 32 सप्‍ताह में ही बच्‍चों को जन्‍म दे देती हैं।

बीएसपी सरकार के मंत्री को हाई कोर्ट का नोटिस

लखनऊ : हाई कोर्ट ने उत्तर प्रदेश की बीएसपी सरकार के राज्य मंत्री संग्राम सिंह को नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही उच्च न्यायालय ने चुनाव आयोग को निर्देश दिया कि वह बाराबंकी के जिला पंचायत चुनाव में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराना सुनिश्चित करे।

गौरतलब है कि यूपी सरकार में मंत्री संग्राम सिंह की रिश्तेदार शीला सिंह बाराबंकी से जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव में खड़ी हैं। विरोधी पक्ष की उम्मीदवार मीना सिंह ने कोर्ट में याचिका दाखिल कर आरोप लगाया है कि जिले के डीएम और एसपी उस पर बीएसपी उम्मीदवार के समर्थन में चुनाव से नाम वापस लेने का दबाव डाल रहे हैं। हाई कोर्ट ने आरोपी डीएम और एसपी को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में हलफनामा दाखिल करने के निर्देश दिया है। हाई कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 21 दिसंबर की तारीख तय की है।

न्यायमूर्ति देवी प्रसाद सिंह और न्यायमूर्ति अरुण टंडन की खंडपीठ ने निर्देश किया कि अगर बाराबंकी से जिला पंचायत अध्यक्ष पद की उम्मीदवार मीना सिंह को यह संदेह है कि राज्य पुलिस के जवान उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी पूरी तरह नहीं निभा पाएंगे तो वह केंद्रीय सुरक्षा बलों की मांग कर सकती हैं, जिसे केंद्र सरकार को उन्हें मुहैया कराना होगा।

जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव में मीना सिंह उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री संग्राम सिंह की रिश्तेदार शीला सिंह के मुकाबले खड़ी हैं।
मीना सिंह के वकील एस. के. सिंह ने आरोप लगाया कि जिले के डीएम और एसपी शीला सिंह के समर्थन में उनकी मुवक्किल पर चुनाव से नाम वापस लेने का आरोप लगा रहे हैं। राज्य सरकार के दो टॉप अफसर अवैध रूप से मंत्री की रिश्तेदार का पक्ष ले रहे हैं।

हाई कोर्ट ने कहा कि अगर जिले के डीएम और एसपी पर लगाए गए आरोपों में सच्चाई है कि वह बीएसपी उम्मीदवार का समर्थन कर रहे हैं और विरोधी कैंडिडेट पर चुनाव से नाम वापस लेने का दबाव डाल रहे हैं तो यह मामला और गंभीर हो जाता है। कोर्ट ने चुनाव आयोग और राज्य सरकार को यह निर्देश दिया कि चुनाव में वोट डालते समय किसी भी व्यक्ति कोे हेल्पर लेने के लिए मजबूर न करें। उसी व्यक्ति को हेल्पर दिया जाएगा, जो विकलांग हो, अशिक्षित हो या वोट डालने की स्थिति में न हो।