फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में “नवयुग पालिका योजना” के प्रभावी क्रियान्वयन एवं अनुपालन के संबंध में बैठक आयोजित की गई। बैठक में नगर पालिका परिषद फर्रुखाबाद के अध्यक्ष, अपर जिलाधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में प्रमुख सचिव, उत्तर प्रदेश शासन, नगर विकास अनुभाग-9, लखनऊ द्वारा निर्गत दिशा-निर्देशों के क्रम में योजना के उद्देश्यों, कार्यप्रणाली एवं अपेक्षित कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को शासन की मंशा के अनुरूप योजना के प्रभावी संचालन हेतु आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में बताया गया कि “नवयुग पालिका योजना” का उद्देश्य नगरीय निकायों में ऑनलाइन नागरिक सेवाओं का विस्तार, डिजिटल गवर्नेन्स की आधारभूत संरचना का विकास, नगरों के कलात्मक एवं सौंदर्यपरक स्वरूप में सुधार तथा अभिनव तकनीकों एवं नवाचारों के माध्यम से नगरीय निकायों का सर्वांगीण विकास करना है।
शासन स्तर से प्रदेश के 58 नगरीय निकायों का चयन इस योजना के प्रथम चरण में किया गया है, जिनमें नगर पालिका परिषद फर्रुखाबाद को भी शामिल किया गया है। यह चयन जनपद के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जिससे नगर के समग्र विकास को नई गति मिलेगी।
बैठक में योजना के प्रमुख बिंदुओं पर चर्चा करते हुए अवगत कराया गया कि यह योजना वित्तीय वर्ष 2025-26 से प्रारम्भ होकर आगामी पांच वर्षों तक संचालित की जाएगी। योजना के अंतर्गत चयनित 58 निकायों को उनकी जनसंख्या के आधार पर दो श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है। श्रेणी-1 में 1.5 लाख से अधिक जनसंख्या वाले नगर पालिका परिषद तथा श्रेणी-2 में 1.5 लाख से कम जनसंख्या वाले नगर पालिका परिषद एवं नगर पंचायत सम्मिलित हैं।
योजना के अंतर्गत श्रेणी-1 के नगरीय निकायों को अधिकतम 12 करोड़ रुपये तथा श्रेणी-2 के निकायों को अधिकतम 8 करोड़ रुपये तक का वार्षिक बजट आवंटन किए जाने का प्रावधान है। इसके अतिरिक्त विशेष परिस्थितियों में निकाय की आवश्यकता, भौगोलिक स्थिति, राजस्व वृद्धि, नवाचार आधारित परियोजनाओं एवं राष्ट्रीय अथवा अंतरराष्ट्रीय महत्व की परियोजनाओं को ध्यान में रखते हुए बजट में आवश्यक परिवर्तन किए जाने का भी प्रावधान रखा गया है।
बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि निर्धारित बजट के अतिरिक्त निकायों को उनकी कार्यकुशलता एवं प्रदर्शन के आधार पर प्रोत्साहन राशि भी उपलब्ध कराई जाएगी। संपत्ति कर अभिलेखों के ई-प्रस्तुतीकरण, संपत्ति कर रजिस्टर में दर्ज संपत्तियों की संख्या में वृद्धि तथा कुल राजस्व वसूली में वृद्धि करने वाले निकायों को अतिरिक्त प्रोत्साहन बजट प्रदान किया जाएगा। प्रत्येक श्रेणी में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शीर्ष तीन नगरीय निकायों को यह प्रोत्साहन राशि प्रतिवर्ष दी जाएगी। बैठक में योजना के अंतर्गत संभावित परियोजनाओं, राजस्व संवर्धन उपायों तथा नवाचार आधारित विकास कार्यों पर भी विस्तृत चर्चा की गई।
“नवयुग पालिका योजना” के क्रियान्वयन को लेकर बैठक सम्पन्न





