फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) जमीन की खातिर जिंदा सौतेली बहन को मरा हुआ दिखा दिया। लेखपाल, ग्राम विकास अधिकारी से मिलकर सौतेले भाई ने बहन की जमीन अपने नाम विरासत में चढ़वा ली। पीड़िता ने न्याय पाने के लिए कोर्ट की शरण लेकर अर्जी दायर की। सीजेएम ने मेरापुर थानाध्यक्ष को सौतेले भाई, लेखपाल व ग्राम विकास अधिकारी के खिलाफ रिपोर्ट लिखने का आदेश दिया है।
मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव रसीदपुर निवासी रामप्यारी उर्फ प्यारी ने अपने सौतेले भाई मेघनाथ, लेखपाल शिवशक्ति अनिल और ग्राम विकास अधिकारी के खिलाफ कोर्ट में अर्जी दायर की थी। इसमें कहा कि उसके पिता बेचेलाल की पहली पत्नी लौंगश्री की वह अकेली पुत्री है। चाचा बच्चनलाल की मौत के बाद उनकी पत्नी नन्ही देवी भी पिता के साथ रहने लगी। जिनसे सौतेले भाई मेघनाथ का जन्म हुआ। पिता की जमीन में उसका एक तिहाई हिस्सा है। पिता की मौत होने के बाद वह जीवकोपार्जन के लिए पुत्र के साथ अंबाला रहने चली गई। इस बीच सौतेले भाई मेघनाथ ने लेखपाल और ग्राम विकास अधिकारी से सांठगांठ कर ली। उसके जिंदा होने के बावजूद उसके मरने के फर्जी दस्तावेज तैयार कर उसकी जमीन अपने नाम विरासत में दर्ज करा ली। इसकी जानकारी अंबाला से लौटने पर हुई। 26 अगस्त 2022 को एसपी को प्रार्थना पत्र देकर रिपोर्टदर्ज कराने की गुहार लगाई, लेकिन रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई। पीड़िता के वकील कुवर सिंह सिसोधिया ने अर्जी पर सुनवाई के दौरान दलीले पेश की। सुनवाई पूरी होने के बाद सीजेएम ने मेरापुर थानाध्यक्ष को रिपोर्ट लिखने का आदेश दिया है।
सौतेली बहन को जमीन की खातिर दिखाया मृत, एफआईआर के आदेश
[adrotate banner="3"]
[adrotate banner="2"]



