धड़ल्ले से मन रहा जहरखुरानियों का सावन व रमजान

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फर्रुखाबाद: रक्षाबंधन के त्यौहार को मात्र दो दिन रह गये हैं जिसके चलते यात्रियों की भारी भीड़ बसों व ट्रेनों में सफर के लिए निकल पड़ी है। भीड़ क्या निकली जहरखुरानियों की जैसे दुकान ही चल पड़ी। आये दिन तेजी से जहरखुरानी गिरोह के सदस्य यात्रियों को प्रलोभन देकर लाखों रुपये का चूना लगा देते हैं। जिनका पुलिस कोई बाल बांका नहीं कर पाती है जिससे जहरखुरानियों के ग्राफ में लगातार वृद्वि होती जा रही है।

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सावन, रक्षाबंधन व रमजान पर दूर दराज के क्षेत्रों में रोजी रोटी कमा रहे परिवार अपने हमवतन लौट रहे हैं। महीनों से घर नहीं आये युवक चार पैसे मेहनत मजदूरी करके बचाकर खुशी-खुशी अपने घर लेकर आते हैं। पहले से ही घात लगाये बैठे जहरखुरानी गिरोह के सदस्य इन्हें सूंघकर उनका पैसा नशीला पदार्थ खिलाकर पार कर देते हैं और जब यात्री की आंख खुलती है तो वह किसी प्राथमिक उपचार केन्द्र में चारपाई पर पड़ा घूमता पंखा देखता नजर आता है।

बीती रात दो लोगों को जहरखुरानी गिरोह के सदस्यों ने फिर शिकार बना लिया। इटावा के फफूंद के ग्राम जुआं निवासी 25 वर्षीय अजब सिंह पुत्र श्यामसुन्दर को जहरखुरानी गिरोह के सदस्यों ने अपना शिकार बना लिया। वहीं दूसरी तरफ 45 वर्षीय बदन सिंह पुत्र जमादार सिंह निवासी किशनी मैनपुरी के ग्राम सींगपुर को जहरखुरानियों ने चाय और बिस्कुट खिलाकर अपना शिकार बनाया। बदन सिंह ने नशे की हालत में बताया कि वह लुधियाना में मजदूरी करता है। वहां से वापस लौट रहा था। तभी किसी व्यक्ति ने उसे बड़े प्यार से चाय व बिस्किट खिला दिया। जिससे वह बेहोश हो गया। गिरोह के सदस्यों ने उसके जेब में रखे 16 हजार रुपये, मोबाइल व अन्य सामान उड़ा दिया। दोनो यात्रियों को पुलिस ने लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया।

सावधान! आपके पड़ोस में बैठा व्यक्ति जहरखुरानी हो सकता है
कहते हैं जानकारी ही बचाव है अगर यात्री अपने पड़ोस में बैठे हर व्यक्ति को शक की नजर से देखे और स्मरण रखे कि बगल में बैठा हुआ व्यक्ति जहरखुरानी गिरोह का सदस्य या जेबकतरा हो सकता है तो शायद हो रहीं जहरखुरानी व जेबकतरों की लूटपाट से निजात मिल पाये। हर यात्रा वाहन में बड़े बड़े अक्षरों में भी लिख दिया गया है कि किसी अपरचित व्यक्ति से कोई भी खाद्य पदार्थ न खायें। क्योंकि खिलाने वाला व्यक्ति के चेहरे पर जहरखुरानी की मुहर नहीं होती। इसलिए सावधानी ही हमें जहरखुरानी के चंगुल से बचा सकती है।

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