नई दिल्ली: भारत ने आज अमेरिका-ईरान के बीच हुए सीजफायर का स्वागत किया और विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा कि मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष को खत्म करने के लिए भारत हमेशा बातचीत और कूटनीति की वकालत करता रहा है।इस युद्ध की वजह से जनमानस को बहुत ज्यादा तकलीफ का सामना करना पड़ा और साथ ही वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति में भी रुकावट आई है। भारत को उम्मीद है कि इस सीजफायर से ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ के रास्ते होने वाला वैश्विक व्यापार फिर से शुरू हो जाएगा।
इरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने इस बात की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि अगर ईरान पर होने वाले हमले रोक दिए जाते हैं, तो हमारी सेना भी अपनी जवाबी कार्रवाई रोक देगी।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा था कि अगर ‘इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान’ इस बात पर सहमत हो जाता है कि वह ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ को पूरी तरह, तुरंत और सुरक्षित तरीके से खोल देगा, तो मैं दो हफ्तों के लिए ईरान पर बमबारी और हमले रोक दूंगा।
अमेरिका-ईरान सीजफायर का स्वागत,भारत ने बातचीत और कूटनीति का हमेशा किया समर्थन


