सूर्य ग्रहण: मंगल को अमंगल

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21वीं सदी के दूसरे दशक का पहला ग्रहण,4 जनवरी मंगलवार को पूर्वाषाढ़ नक्षत्र में होगा.

ग्रहण काल दोपहर 2:35 बजे से 4:20 बजे तक रहेगा. नव वर्ष के पहले सप्ताह में होने वाले इस ग्रहण को लेकर ज्योतिषों की राय है कि इसका प्रभाव तीन माह तक दिखाई देगा.

यह राजनीतिक उठापटक व बड़े उद्योगपतियों के लिए कष्टकारक हो सकता है. जयपुर में ग्रहण का प्रभाव 2 फीसदी रहेगा और सिर्फ 21 मिनट ही नजर आएगा.

राज्य में ग्रहण का सबसे अधिक प्रभाव जैसलमेर व श्रीगंगानगर में रहेगा, जहां 15 फीसदी तक ग्रहण दिखाई देगा. पं. बंशीधर जयपुर पंचांग के ज्योतिष आचार्य दामोदरप्रसाद शर्मा ने बताया कि खंडग्रास ग्रहण मंगलवार दोपहर 3:20 बजे शुरू होगा जो दोपहर 3:41 बजे तक रहेगा. खंडग्रास सूर्यग्रहण जोधपुर में दोपहर 3:02 से 3:49 बजे तक रहेगा. बहुत कम समय के लिए होने के कारण इसे जोधपुर में देखा नहीं जा सकेगा. भारत में यह ग्रहण सबसे ज्यादा कश्मीर के अनंतनाग में दोपहर 2:40 से 4:10 बजे तक दिखेगा.

ग्रहण का सूतक सोमवार आधी रात बाद 2 बजकर 35 मिनट पर शुरू होगा जो मंगलवार को दोपहर 3 बजकर 41 मिनट तक रहेगा. इस दौरान दानपुण्य किया जाना श्रेष्ठ माना गया है.

इस साल पड़ने वाले अन्य सूर्य ग्रहण

1. 4 जनवरी 2011, मंगलवार को खंडग्रास सूर्यग्रहण होगा। जो भारत में दिखाई देगा.
2. ‍1 व 2 जून 2011, बुधवार को खंडग्रास सूर्यग्रहण होगा। जो भारत में दिखाई नहीं देगा.
3. 15 जून 2011, बुधवार को खग्रास चंद्रग्रहण होगा, जो भार‍त में दिखाई देगा.
4. 1 जुलाई 2011, शुक्रवार को खंडग्रास सूर्यग्रहण होगा जो भारत में नहीं दिखेगा.
5. 25 नवंबर 2011, खंडग्रास सूर्यग्रहण होगा. यह भी भारत में नहीं दिखेगा.
6. 10 दिसंबर 2011, शनिवार को खग्रास चंद्रग्रहण, जो भारत में दिखाई देगा.