फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) जनपद में एक युवक को सर्प ने डस लिया। घबराए परिजन युवक को उपचार के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे, वहीं सर्प को भी पॉलिथीन में बंद कर साथ ले आए।
फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला नगला पजामा निवासी 23 वर्षीय अभय प्रताप सिंह साथियों के साथ घर के बाहर टहल रहे थे। इसी दौरान अचानक उनके पैर में सर्प ने डस लिया। घटना के बाद परिजनों ने तुरंत उनके पैर को कपड़े से कसकर बांधा और उपचार के लिए लोहिया अस्पताल ले आए।
बताया गया कि अभय के साथी सर्प को मारने के बाद उसे पॉलिथीन में बंद कर अस्पताल ले आए, ताकि चिकित्सकों को दिखाया जा सके। जब चिकित्सकों ने पॉलिथीन में सर्प देखा तो पूछताछ की गई। परिजनों ने बताया कि सर्प मृत है और उसी ने अभय को काटा था।
आपातकालीन ड्यूटी पर तैनात डॉ. दीपक तिवारी ने बताया कि युवक की हालत स्थिर है और उसका उपचार जारी है। साथ आए लोग मृत सर्प को पॉलिथीन में लेकर आए थे, जिसे बाद में बाहर ले जाया गया।
चिकित्सकों ने सलाह दी कि सर्पदंश की स्थिति में घबराने के बजाय तुरंत मरीज को नजदीकी अस्पताल पहुंचाएं और बिना चिकित्सकीय सलाह के किसी प्रकार का घरेलू उपचार न करें।
सर्प नें युवक कों डसा, अस्पताल में सांप लेकर पंहुचा
पहले पैसे की व्यवस्था करो, फिर उसे उठा लेंगे- राजेपुर थाने के सिपाही का कथित वीडियो वायरल
फर्रुखाबाद:(राजेपुर संवाददाता) जनपद में पुलिस विभाग से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे महकमे में हलचल मच गई है। बताया जा रहा है कि वीडियो में दिखाई दे रहा सिपाही राजेपुर थाना में तैनात है।
वायरल वीडियो में सिपाही किसी व्यक्ति से फोन पर बातचीत करता सुनाई दे रहा है। बातचीत के दौरान वह कथित रूप से कहता है, “पहले पैसे की व्यवस्था करो, उसके बाद जिसको बताया है उसे उठा लेंगे।” वीडियो में पास बैठे कुछ अन्य लोग इस बातचीत पर हंसी-मजाक करते भी नजर आ रहे हैं।
वीडियो सामने आने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप की स्थिति है। मामले को लेकर विभागीय जांच की चर्चाएं तेज हो गई हैं। स्थानीय लोगों में भी नाराजगी देखी जा रही है और संबंधित सिपाही के विरुद्ध सख्त
कार्रवाई की मांग उठ रही है। हालांकि अभी तक वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। यदि जांच में वीडियो सही पाया जाता है, तो यह पुलिस की कार्यशैली और कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर सकता है।
इस संबंध में सुदेश कुमार, थाना अध्यक्ष राजेपुर ने बताया कि संबंधित सिपाही शराब का आदी है। मामले की रिपोर्ट तैयार कर पुलिस अधीक्षक को भेजी जाएगी, जिसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे प्रकरण पर सबकी निगाहें प्रशासनिक निर्णय पर टिकी हैं।
“डायरिया से डर नहीं” अभियान के तहत पोस्टर, रोल प्ले व प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता
फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) गांधी ब्लॉक राजेपुर स्थित कस्तूरबा गाँधी बालिका विद्यालय में सोमवार को स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में “डायरिया से डर नहीं” अभियान के अंतर्गत पोस्टर, रोल प्ले और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय की 66 छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
प्रतियोगिता में कक्षा सात की प्रियंका ने प्रथम, कक्षा आठ की सुप्रिया ने द्वितीय तथा कक्षा आठ की हिमशी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कक्षा सात की प्रिया और कक्षा आठ की अपूर्वा को सांत्वना पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
डायरिया के लक्षण व बचाव की दी जानकारी
राजेपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की डॉ. प्रतिभा और डॉ. क्षमा चतुर्वेदी ने छात्राओं को डायरिया के लक्षण एवं प्रबंधन के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि यदि बच्चे को दिन में तीन बार से अधिक पतले दस्त हों, अत्यधिक प्यास लगे या आंखें धंसी हुई प्रतीत हों तो यह डायरिया के संकेत हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में तुरंत ओआरएस का घोल देना शुरू करना चाहिए और दस्त बंद होने तक जारी रखना चाहिए।
उन्होंने बताया कि ओआरएस व जिंक की गोलियां स्थानीय एएनएम या आशा कार्यकर्ता से प्राप्त की जा सकती हैं। बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य के लिए टीकाकरण समय पर कराना आवश्यक है। रोटावायरस व विटामिन ए की खुराक लेना न भूलें। भोजन को ढककर रखें, पीने के पानी को स्वच्छ रखें और पानी निकालने के लिए डंडीदार लोटे का प्रयोग करें। छह माह से छोटे बच्चों को दस्त होने पर भी स्तनपान जारी रखना चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान डॉ. प्रतिभा और डॉ. क्षमा ने 66 बालिकाओं का रक्तचाप, आंखों एवं हीमोग्लोबिन की जांच भी की तथा आवश्यक दवाएं वितरित कीं।
13 जनपदों में चल रहा अभियान
ज्ञात हो कि स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से “डायरिया से डर नहीं” कार्यक्रम फर्रुखाबाद सहित प्रदेश के 13 जनपदों में संचालित किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य शून्य से पांच वर्ष तक के बच्चों में डायरिया से होने वाली मृत्यु दर को समाप्त करना और दस्त प्रबंधन के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।
स्वास्थ्य विभाग से राज आर्यन अग्निहोत्री, श्वेता सागर, अध्यापिका श्वेता मिश्रा, शिवकीर्ति बघेल, देवेश कुमार, अरुणा राठौर सहित अन्य शिक्षिकाएं तथा पीएसआई इंडिया से अमरीश कुमार पाण्डेय और अनुपम मिश्रा मौजूद रहे।
एक ही रात में दो घरों से लाखों की चोरी, पीड़ितों ने दी तहरीर
फर्रुखाबाद:(मेरापुर संवाददाता) थाना क्षेत्र के ग्राम अर्जुनपुर में चोरों ने दो अलग-अलग मकानों को निशाना बनाते हुए लाखों रुपये के जेवरात और नगदी पर हाथ साफ कर दिया। पीड़ित प्रमोद सिंह और अवधेश सिंह ने थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
21 फरवरी की रात प्रमोद सिंह की मां बिट्टन देवी घर में अकेली थीं और बरामदे में सो रही थीं। इसी दौरान अज्ञात चोर मुख्य द्वार का ताला तोड़कर भीतर घुस दाखिल हुए । चोरों ने अलमारी और बक्सों के ताले तोड़कर सोने की दो चैन, तीन अंगूठियां, झुमकी तथा लगभग आठ हजार रुपये नगद पार कर लिए। सुबह उठने पर बिट्टन देवी को घटना की जानकारी हुई। सूचना मिलते ही 112 नंबर पुलिस मौके पर पहुंची।
घटना की जानकारी मिलने पर दिल्ली में रह रहे प्रमोद सिंह भी घर पहुंच गए। वहीं पड़ोसी अवधेश सिंह ने भी पुलिस को बताया कि उसी रात उनके घर से सोने की चार चूड़ियां, एक हार, चार अंगूठियां और करीब चालीस हजार रुपये नगद चोरी हो गए। उनका कहना है कि चोर पड़ोसी नरेंद्र सिंह परिहार के मकान में सीढ़ी लगाकर घुसे थे, लेकिन उनके भाई के पौत्र की नींद खुलने पर चोर भाग निकले। पीड़ितों का आरोप है कि तहरीर देने के बावजूद थाना पुलिस ने अभी तक न तो मुकदमा दर्ज किया है और न ही मौके पर पहुंचकर गहन जांच की है, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है|
रंग जबरन न डालें, अफवाहों से रहें सावधान: प्रशासन की अपील
फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी की अध्यक्षता व पुलिस अधीक्षक आरती सिंह की मौजूदगी में होली, रमज़ान एवं ईद के मद्देनज़र जिला स्तरीय शांति कमेटी की मीटिंग कलेक्ट्रेट सभागार में सम्पन्न हुई।
बैठक में निर्देश दिये गये कि होलिका दहन स्थल को लेकर कोई विवाद न हो। किसी भी धार्मिक स्थल पर अनावश्यक रूप से रंग न डाला जाए। किसी भी नई जगह पर होलिका दहन नहीं होगा तथा कोई भी जुलूस नए रूट से नहीं निकलेगा।
सभी होलिका स्थलों पर लटके बिजली के तार ठीक करा लिए जाएं और बिजली की सप्लाई निर्बाध रहे। केमिकल वाले रंगों का प्रयोग न किया जाए। मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित किया गया कि सभी स्वास्थ्य व्यवस्थाएं दुरुस्त रखें। सभी नगर पालिका एवं नगर पंचायत के एग्जीक्यूटिव अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि होली के अवसर पर साफ-सफाई और पानी की व्यवस्था सही रहे। कैटल कैचर से आवारा पशुओं को पकड़ा जाए। इस पर अधिशासी अधिकारी ने बताया कि किसी भी समस्या के लिए टोल फ्री नंबर 1533 पर संपर्क किया जा सकता है।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिये कि सभी फायर ब्रिगेड गाड़ियों की चेकिंग करा ली जाए और उनमें पर्याप्त पानी रहे। सभी उपजिलाधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों का निरीक्षण कर लें। उन्होंने कहा कि त्योहार परंपरा के अनुसार और मर्यादा में रहकर मनाएं। पुलिस अधीक्षक द्वारा निर्देशित किया गया कि सभी थाना क्षेत्रों में ई-रिक्शा के माध्यम से प्री-रिकॉर्डेड मैसेज प्रसारित किए जाएं, जिनमें बताया जाए कि जबरदस्ती किसी पर रंग न डाला जाए, त्योहार अमन-चैन से मनाएं, अफवाहों से सावधान रहें और किसी भी समस्या पर 112 नंबर पर कॉल करें। मोटरसाइकिल से हुड़दंग न किया जाए तथा तेज आवाज में डीजे न बजाया जाए।
मीटिंग में अपर जिलाधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार , नगर मजिस्ट्रेट संजय बंसल , उपजिलाधिकारी सदर रजनी कांत पाण्डेय , क्षेत्राधिकारी मोहम्मदाबाद अजय वर्मा रहे l
तंबाकू, गुटखा व सिगरेट पर खुलेआम कालाबाजारी का ग्रहण! प्रशासन की चुप्पी पर उठे सवाल
फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरों) जनपद में तंबाकू, गुटखा और सिगरेट की खुलेआम कालाबाजारी का मामला तेजी से चर्चा का विषय बनता जा रहा है। खुदरा मूल्य से डेढ़ से दो गुना अधिक कीमत पर इन उत्पादों की बिक्री धड़ल्ले से की जा रही है, जिससे आम उपभोक्ताओं की जेब पर सीधा असर पड़ रहा है। हैरानी की बात यह है कि इतनी बड़ी अनियमितता की जानकारी होने के बावजूद प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही है।
शहर और कस्बों की अधिकांश पान दुकानों एवं थोक बाजारों में निर्धारित एमआरपी (अधिकतम खुदरा मूल्य) की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। दुकानदारों का कहना है कि बड़े व्यापारियों द्वारा ही ऊंचे दामों पर माल दिया जा रहा है, जिसके कारण उन्हें मजबूरी में महंगे दामों
पर बिक्री करनी पड़ रही है। वहीं उपभोक्ताओं का आरोप है कि कृत्रिम कमी दिखाकर जानबूझकर कीमतें बढ़ाई जा रही हैं।सूत्रों के अनुसार, कुछ बड़े व्यापारी स्टॉक जमा करके बाजार में सप्लाई सीमित कर देते हैं, जिससे मांग बढ़ने पर मनमाने दाम वसूले जा सकें। यह स्थिति त्योहारों और विशेष अवसरों पर और अधिक गंभीर हो जाती है। कई जगहों पर एमआरपी से 150 से 200 रुपये अधिक तक वसूली की शिकायतें सामने आई हैं।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रशासनिक अधिकारियों को बार-बार शिकायत देने के बावजूद जांच केवल कागजों तक सीमित रह जाती है। छापेमारी या दंडात्मक कार्रवाई न होने से कालाबाजारी करने वालों के हौसले बुलंद हैं। लोगों ने सवाल उठाया है कि जब नियम स्पष्ट हैं तो फिर बाजार में खुलेआम उल्लंघन क्यों हो रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि तंबाकू उत्पाद पर अवैध मुनाफाखोरी सामाजिक और आर्थिक दोनों दृष्टि से चिंता का विषय है। यदि समय रहते प्रशासन ने सख्त कदम नहीं उठाए, तो यह अवैध कारोबार और अधिक फैल सकता है।अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस गंभीर मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और आम जनता को राहत दिलाने के लिए कब तक प्रभावी कार्रवाई करता है।
मंडी में आलू की जोरदार आवक, मंडी रोड पर लगा भीषण जाम
फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) शहर की सातनपुर मंडी में आलू की आवक 200 मोटर से अधिक रही। कोल्डस्टोरेज संचालकों और साउथ की मंडियों की सक्रिय खरीद के चलते मंडी में बिकवाली तेज रही और किसानों को बेहतर दाम मिले।
मंडी में सफेद गड्ड आलू 351 से 451 रुपये प्रति क्विंटल बिका। सामान्य छट्ठा 451 से 551 रुपये प्रति क्विंटल तथा सुपर छट्ठा साउथ क्वालिटी 551 से 621 रुपये प्रति क्विंटल के भाव में बिक्री हुई। 3797 किस्म 601 से 701 रुपये प्रति क्विंटल बिकी। चिप्सोना 651 से 751 रुपये प्रति क्विंटल और हालैंड आलू 701 से 861 रुपये प्रति क्विंटल तक बिका।
आवक अधिक होने के कारण मंडी रोड पर दिनभर भीषण जाम की स्थिति बनी रही। आलू से लदे ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की लंबी कतारें सड़क पर लगी रहीं, जिससे राहगीरों और अन्य वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। देर शाम तक लोडिंग-अनलोडिंग का कार्य जारी रहा।
पांच उल्लंघन पर चालक लाइसेंस होगा निरस्त, मेगा शिविर में दी गई चेतावनी
फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) ऑफिसर्स क्लब फतेहगढ़ में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, फर्रुखाबाद के तत्वावधान में मेगा विधिक सहायता एवं सेवा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में परिवहन विभाग एवं यातायात पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से स्टॉल लगाकर आमजन को सड़क सुरक्षा एवं चालान संबंधी नियमों की जानकारी दी गई।
शिविर में अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह, एआरटीओ प्रवर्तन
सुभाष राजपूत तथा यातायात प्रभारी सत्येन्द्र कुमार ने लोगों को परिवहन नियमों, चालान प्रक्रिया एवं ऑनलाइन सेवाओं के बारे में जागरूक किया। एआरटीओ प्रवर्तन द्वारा प्रशमन शुल्क की दरों का चार्ट प्रदर्शित किया गया, जिसमें बिना हेलमेट या सीट बेल्ट के वाहन चलाने पर 1000, वैध बीमा के बिना प्रथम अपराध पर 2000 व द्वितीय पर 4000, वैध प्रदूषण प्रमाण पत्र न होने पर 10000 तथा बिना फिटनेस वाहन चलाने पर प्रथम अपराध में 5000 व द्वितीय में 10000 दंड की जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने सड़क सुरक्षा नियमों से संबंधित पंपलेट वितरित किए और बताया कि चालान की स्थिति में ऑनलाइन भुगतान की सुविधा उपलब्ध है। सुभाष राजपूत ने बताया कि 21 जनवरी 2026 से ई-चालान एवं आईटीएमएस चालान के निस्तारण की प्रक्रिया में बदलाव किया गया है। इलेक्ट्रॉनिक चालान जारी होने के बाद वाहन स्वामी 45 दिनों के भीतर चालान स्वीकार कर भुगतान कर सकता है या आपत्ति दर्ज करा सकता है।
यदि 45 दिनों में आपत्ति नहीं की जाती है तो 30 दिनों के भीतर भुगतान अनिवार्य होगा। आपत्ति प्राप्त होने पर संबंधित अधिकारी द्वारा 30 दिन में निस्तारण किया जाएगा, अन्यथा चालान स्वतः समाप्त माना जाएगा। निस्तारण के बाद 30 दिन में भुगतान न करने पर वाहन सीज किया जा सकता है। कोर्ट में चुनौती देने के लिए आधा चालान जमा करना आवश्यक होगा।
नए प्रावधान के अनुसार, एक वर्ष में पांच या अधिक उल्लंघन करने पर वाहन चालक का लाइसेंस निरस्त किया जा सकता है तथा वाहन को ब्लैकलिस्ट किए जाने की कार्रवाई भी संभव है। शिविर में परिवहन एवं यातायात विभाग द्वारा डेसिबल मीटर, ई-चालान टैब, ब्रेथ एनालाइजर एवं हेलमेट आदि उपकरणों का प्रदर्शन भी किया गया, जिससे लोगों को नियमों की व्यवहारिक जानकारी मिल सके।
रिक्शा चालकों की हाथापाई से लाल गेट पर थमा ट्रैफिक
फर्रुखाबाद:(नगर संवाददाता) शहर के व्यस्त लाल गेट चौराहे पर रविवार को उस समय अफरातफरी मच गई, जब तीन रिक्शा चालकों के बीच पैसों के लेनदेन को लेकर शुरू हुआ विवाद मारपीट में बदल गया। झगड़ा इतना बढ़ गया कि सड़क पर रखे यातायात डिवाइडर तक गिर गए और करीब 10 मिनट तक जाम की स्थिति बनी रही।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तीनों चालकों के बीच पहले कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते गाली-गलौज और हाथापाई में बदल गई। मारपीट के दौरान एक चालक ने पत्थर उठाकर दूसरे पर हमला करने की कोशिश की, जिससे वहां मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई और राहगीर इधर-उधर भागने लगे।
सूचना पर पहुंची यातायात पुलिस ने तीनों को अलग करने का प्रयास किया, लेकिन कुछ देर तक विवाद जारी रहा। काफी मशक्कत के बाद पुलिसकर्मियों ने तीनों चालकों को मौके से हटाया और यातायात को सुचारू कराया। घटना में तीनों को मामूली चोटें आई हैं। स्थानीय लोगों
का कहना है कि तीनों चालक शराब के नशे में थे और इसी वजह से मामूली विवाद ने उग्र रूप ले लिया। झगड़े के दौरान सड़क पर रखे डिवाइडर गिर जाने से यातायात बाधित हो गया। करीब 10 मिनट तक लाल गेट चौराहे पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
घटना का पूरा घटनाक्रम किसी राहगीर ने अपने मोबाइल फोन में कैद कर लिया, जो बाद में क्षेत्र में चर्चा का विषय बना रहा। लोगों ने यह भी बताया कि लाल गेट से रोडवेज चौकी होते हुए कादरी गेट थाना क्षेत्र पड़ता है, इसके बावजूद प्रारंभ में थाने का कोई सिपाही मौके पर नजर नहीं आया। हालांकि बाद में यातायात पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित कर जाम खुलवाया, जिससे आवागमन सामान्य हो|
फर्जी फॉर्म 7 को लेकर सियासत तेज, सपा ने लगाये गंभीर आरोप
फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) निर्वाचन आयोग द्वारा चलाई जा रही एसआईआर प्रक्रिया के अंतर्गत फॉर्म 7 को लेकर जनपद में विवाद थमता नजर नहीं आ रहा है। समाजवादी पार्टी के पदाधिकारियों ने एक बार फिर सदर विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न बूथों पर बड़ी संख्या में कथित फर्जी फॉर्म 7 मिलने का दावा किया है और भाजपा पर लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करने का आरोप लगाया है।
समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष चंद्रपाल सिंह यादव एवं जिला महासचिव इलियास मंसूरी के नेतृत्व में सदर विधानसभा क्षेत्र की कांशीराम कॉलोनी में बूथ संख्या 83 पर 80 फॉर्म वैभव अग्निहोत्री के नाम से, बूथ संख्या 85 पर 87 फॉर्म ऋषभ दुबे के नाम से, बूथ संख्या 86 पर 46 फॉर्म अरविंद श्रीवास्तव के नाम से तथा बूथ संख्या 87 पर 63 फॉर्म विनीत वाजपेई के नाम से बरामद किए गए|
जिलाध्यक्ष चंद्रपाल सिंह यादव ने कहा कि सरकार लोकतांत्रिक व्यवस्था को समाप्त कर तानाशाही स्थापित करना चाहती है। उन्होंने आरोप लगाया कि फर्जी फॉर्म देने वालों के खिलाफ कार्रवाई न होना यह दर्शाता है कि सरकार स्वयं इस कृत्य में संलिप्त है। जिला महासचिव इलियास मंसूरी ने बताया कि अरविंद श्रीवास्तव एवं विनीत वाजपेयी के घर जाकर संपर्क किया गया, जहां संबंधित व्यक्तियों ने फॉर्म जमा करने से मना किया और कहा कि उनके फर्जी हस्ताक्षर कर गलत तरीके से आवेदन जमा किए गए हैं। उन्होंने कहा कि इस संबंध में जिलाधिकारी से मिलकर पूरी जानकारी दी जाएगी और पार्टी नेतृत्व को भी अवगत कराया जाएगा। जिला सचिव शिव शंकर शर्मा, विनय भारद्वाज, शीलू खां सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।



