Home Blog Page 5637

डाक्टरों की सम्वेदना- जान बचाने की जगह मासूम को बनाया फुटबाल

फर्रुखाबाद: जनपद में निजी चिकित्सको के आलिशान नर्सिंग होम की कोई कमी नहीं है| यहाँ तक की आसपास के जनपद के लोग भी अपने मरीजों का यहाँ इलाज कराने फर्रुखाबाद आतें हैं| कई प्रकार की देशी विदेशी डिग्रीधारी विशेष योग्यता के लेबल के साथ इन डॉक्टरों के नाम शहर के कोने कोने में पम्पलेट से लेकर चमकीली रौशनी से चमचमाते ग्लोशाइन में नजर आतें है| मगर होली के दूसरे दिन सोमवार को सुबह अस्पतालों की मंडी के निकट हुए एक मकान में विस्फोट में घायल 4 साल की मासूम बच्ची को इलाज समय से मयस्सर न हो सका| लगभग आधा दर्जन नर्सिंग होम और विशेषज्ञ डाक्टरों ने एक दूसरे पर टालते हुए इलाज नहीं किया और मासूम को घंटो इधर से उधर फुटबाल बनाकर टहलाया | विशेषज्ञों की ठुकराई घायल मासूम कनन को एक बीएएमएस डाक्टर के यहाँ जिन्दगी बचाने का मंदिर नजर आया| डॉ हरिदत्त द्विवेदी के नर्सिंग होम में कनक खतरे से बाहर बताई गयी है|

सोमवार सुबह जब अनोखेलाला की मिठाई की दुकान के पीछे उसके घर में अचानक विष्फोट हुआ तो धमाके वाला कमरा ढह गया| कमरे में कम से कम तीन से चार लोग थे जिसमे लगभग आधा घंटे के बाद कनन बाहर निकाली जा सकी| घायल एवं बेहोश कनन को तुरंत कुछ लोग सबसे नजदीक सिटी अस्पताल लेकर पहुचे| अस्पताल कर्मियों ने बताया की अभी डाक्टर नहीं है उन्हें बुलाया जा रहा है| लगभग एक घंटे तक कनन इलाज के इन्तजार में दर्द से कराहती रही और कोई डाक्टर नहीं आया| लिहाजा कनन को सिटी अस्पताल के सामने बने हड्डी रोग विशेषज्ञ ब्रजेश यादव के अस्पताल में लाया गया| ये वही सिटी अस्पताल है जिसके बोर्ड शहर के हर खम्भे पर लटकाए गए थे- ” २४ घंटे सेवा”|

ब्रजेश यादव ने कुछ साल पहले ही करोडो की लागत से चमचमाता हुआ हड्डी रोग विशेषज्ञ वाला अस्पताल बनबाया है| डॉ ब्रजेश फर्रुखाबाद नगर में रेलवे रोड पर किराए के ३-४ कमरे लेकर हड्डियाँ जोड़ने और उसी सम्बन्धित इलाज और सेवा करते थे| बिना कोई उद्योग लगाये तरक्की की और अब बेहतरीन मशीनोयुक्त अस्पताल के मालिक हैं| मगर इस इस अस्पताल में शायद प्राथमिक इलाज सम्भव नहीं था वरना डॉ ब्रजेश के यहाँ ये नहीं कहा जाता कि मामला बच्चे का है बाल रोग विशेषज्ञ को दिखाओ| खैर डॉ ब्रजेश के यहाँ से कनन को बाल रोग विशेषज्ञ डॉ सी एन भल्ला के यहाँ लाया गया|

डॉ सी एन भल्ला नगर के जाने माने बाल रोग विशेषज्ञ हैं और पूरी जिन्दगी बच्चो बच्चियो के इलाज में लगा दी| बेटे को भी बाल रोग विशेषज्ञ बनाया और नया अस्पताल पिछले साल ही मरीजो की मंडी या कहें डाक्टरों की मंडी स्थित आवास विकास कालोनी में बनबाया| अब पिता पुत्र और बहू सभी डाक्टर हैं मगर कनन को इलाज यहाँ भी नहीं मिला, डॉ भल्ला के यहाँ कहा गया हड्डी रोग विशेषज्ञ को दिखाओ| कानन को उसके बाद डॉ सुबोध वर्मा के अस्पताल में ले जाया गया|

डॉ सुबोध वर्मा नगर के जाने माने हड्डी रोग विशेषज्ञ हैं| आरएसएस से जुड़े होने के नाते राष्ट्र प्रेम का होना स्वाभाविक है| पहले नगर फर्रुखाबाद में रेलवे रोड पर अस्पताल था मगर अब इनका भी एक और नया अस्पताल आवास विकास स्थित मरीजों की मंडी में है| कनन को इलाज यहाँ भी नहीं मिला| राष्ट्र प्रेमी संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी डॉ सुबोध वर्मा के यहाँ जबाब मिला सर्जन को दिखाओ| अचानक एक भले आदमी ने जो कि कनन का कोई नहीं था और उसे जिन्दा बचाने की जद्दोजहद कर रहा था चिल्ला कर बोला- छोड़ो इन सबको डॉ हरिदत्त के यहाँ चलो|

फिर कनन की जिन्दगी बचाने को उसका मंदिर बना डॉ हरिदत्त का अस्पताल| डॉ हरिदत्त का नर्सिंग होम नगर के बीच में है| उन्होंने मरीजों की मंडी में आना मुनासिब नहीं समझा| बीएएम्एस डाक्टर हरिदत्त ने कनन का इलाज किया, न सर्जन की दरकार की न बाल रोग विशेषज्ञ की| डाक्टरों की इस व्यवसायिक संवेदनाओं पर आपकी क्या राय है जरूर लिखे|

दुर्घटना में बालिका की मौत: डेढ़ दर्जन घायल

फर्रुखाबाद: अलग-अलग हादसों में बालिका की मौत हो गई तथा डेढ़ दर्जन घायल हो गए| घायलों को लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया|

१५ यात्री टाटा मैजिक में सवार होकर हरदोई जा रहे थे| थाना पाली क्षेत्र में ग्राम ददरिया के निकट टूरिस्ट बस के टक्कर लगने से मैजिक पलट गई|

दुर्घटना में थाना पाली के ग्राम निजामपुर निवासी ५ वर्षीय रजिया की मौत हो गई तथा उसकी माँ नश्मीना, पिता शमीमुद्दीन, सुहेल, दुर्गेश, दिनेश, सुशील, बालेश, सानू, धर्मपाल, रुखसाना, तेजराम, गुड्डू, विनोद आदि घायल हो गए|

एक अन्य दुर्घटना में बाईकों की टक्कर में थाना अमृतपुर के ग्राम हीरा नगर निवासी शिवपाल व उनका बेटा हिमेंद्र तथा ग्राम कनिहारी निवासी राजीव घायल हो गया|

पुलिस का तांडव: महिलाओं को जमकर पीटा

फर्रुखाबाद: बीती रात थाना मऊदरवाजा के ग्राम अजमतपुर में दो पक्षों में झड़प के बाद खिसिआई पुलिस ने ग्रामीणों पर जमकर कहर ढाया| पुलिस ने अत्याचार करने के बाद संगीन धाराओं में सैकड़ों ग्रामीणों के विरुद्ध केस दर्ज कर अंग्रेजी हुकूमत को भी मात दे दी| हमले में घायल महिला व युवक को लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया|

पुलिस ने बीती रात थाना मऊदरवाजा के ग्राम अजमतपुर में तांडव कर ग्रामीणों पर कहर ढाया| बीते दिन सायं ग्राम अजमतपुर का मूल निवासी बसपा समर्थक प्रमोद शाक्य बाईपास महावीर कोल्ड स्टोरेज के निकट वाले मकान से भैंस का दूध लेकर पत्नी को बाइक पर बिठाकर गाँव जा रहा था| उधर गाँव के ही सपा नेता देवेन्द्र सिंह चौहान उर्फ़ मुन्ना का बेटा अंकुर व भतीजा सुधाकर सायं ७ बजे बाइक से होली मिलने जा रहे थे| गाँव के नुक्कड़ पर कार की टक्कर से प्रमोद व उनकी पत्नी गिर पड़े| टक्कर मारने का विरोध करने पर प्रमोद की पिटाई कर उसकी पत्नी के साथ बदसलूकी की गई|

महिला के साथ बदसलूकी किये जाने से गुस्साए लोगों ने हमलावरों की भी पिटाई कर दी| प्रमोद अपनी पत्नी को गाँव में छोड़कर वापस बाईपास के मकान पर चला गया| उसके बाद सपा नेता मुन्ना ने सुधाकर, प्रभाकर, रामू, धरमू, राजू आदि के साथ आल्टो कार से प्रमोद के घर पहुंचे और घर में घुसकर प्रमोद की जमकर पिटाई की व पिटाई का विरोध करने पर प्रमोद की माँ के साथ बदसलूकी की|

प्रमोद की पुनः पिटाई किये जाने से ग्रामीणों में रोष व्याप्त हो गया, सैकड़ों गुस्साए लोगों ने मुन्ना के मकान को घेर लिया और पथराव शुरू कर दिया| मुन्ना के आवास से ग्रामीणों को धमकाने के लिए फायरिंग की गयी| ग्रामीणों ने भी जवावी फायरिंग की| रायपुर चौकी प्रभारी टीडी त्यागी फ़ोर्स के साथ गाँव पहुंचे| पुलिस ने रुतवा कायम करने के लिए घरों के बाहर बैठी महिलाओं तक की डंडों से जमकर पिटाई की| गुस्साए ग्रामीण पुलिस से भिड़ने को तैयार हुए तो चौकी प्रभारी ने रिवाल्वर से अनेकों फायर किये|

ववाल होने की जानकारी मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक बीके मिश्र, सीओ सिटी डीके सिसोदिया, एसओ मऊदरवाजा अतरसिंह, इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार, आरबी सिंह, एसओ जहानगंज पुलिस व पीएसी बल के साथ गाँव पहुंचे| फ़ोर्स ने गाँव पहुंचते ही मामले को समझाने के बजाय पुलिसिया रुख अख्त्यार किया| इससे गुस्साए लोगों ने पुलिस पर पथराव किया जवाव में पुलिस ने भी डंडे चलाये|

हमले में अनेकों ग्रामीणों के अलावा पुलिस वालों को भी चोटें लगीं| गाँव में बिजली न होने के कारण स्थित और खराब हो गयी थी| मीडिया वाले देर रात मौके पर पहुंचे तो वहां रामवीर की पत्नी सरोजनी घायल चारपाई पर लेटी थीं| शिवराज शाक्य राज मिस्त्री की पत्नी ने पुलिस की पिटाई से चोटों के निशान दिखाए| घायल सरोजनी के अलावा देवेन्द्र सिंह के २३ वर्षीय पुत्र अंकुर सिंह को रात ३:५० बजे पुलिस ने लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया|

राजेपुर थाने के सिपाही कमल सिंह ने भी अस्पताल में डाक्टरी परीक्षण कराया| कमल सिंह की बज्र वाहन में ड्यूटी लगी थी| पुलिस ने देवेन्द्र सिंह की ओर से गाँव के २३ ग्रामीणों के विरुद्ध नामजद तथा ३०,३५ अज्ञात ग्रामीणों के विरुद्ध ७ क्रिमिनल ला अमेन्मेंट आदि संगीन धाराओं में केस दर्ज किया|

केस में ग्राम अजमतपुर निवासी प्रदीप उर्फ़ मल्लू, अनुज पुत्र फ़तेह चन्द्र, नन्हेलाल पुत्र महेश चन्द्र, नवीन पुत्र सियाराम, रामेश्वर शाक्य पुत्र विक्रम, मल्लू पुत्र राजकुमार, अभिषेक पुत्र वेदराम, मनमोहन पुत्र महेश चन्द्र, प्रवीण पुत्र सियाराम, संजू पुत्र श्री कृष्ण, सतेन्द्र पुत्र जीतेन्द्र, फ़तेह चन्द्र पुत्र दुर्जन, कुलदीप पुत्र वेदराम, प्रमोद पुत्र राम निवास, सतेन्द्र पुत्र प्यारेलाल, संजीव, धर्मवीर पुत्र्गन राम निवास, धर्मेन्द्र पुत्र मानसिंह, दीपू पुत्र द्वारिका, मिंटू पुत्र पप्पू, जीतू पुत्र लंकुश, खुशीराम पुत्र दिवारी तथा पड़ोसी गाँव आरमपुर निवासी पप्पू पुत्र माखन को अभियुक्त बनाया गया|

एसओ अतर सिंह ने भी आईपीसी की धारा १४७,१४८,१४९, ३३२, ३०७, ३२३, ५०४, ५०६, ३३२, ३५३, व ७ क्रिमिनल ला अमेन्मेंट के तहत २३ ग्रामीणों के विरुद्ध नामजद व १५० अज्ञात ग्रामीणों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई| पुलिस ने इन अभियुक्तों में अधिकांस उन्ही लोगों को अभियुक्त बनाया है जिनके विरुद्ध देवेन्द्र ने रिपोर्ट दर्ज कराई| पुलिस ने हमलावर रामेश्वर शाक्य को गिरफ्तार कर लिया|

मुन्ना ने बताया कि ग्रामीणों ने पथराव कर दरबाजे पर खड़ी आल्टो कार क्षतिग्रस्त कर दी| मैंने ही फोन पर एसओ की जानकारी दी थी|

आज दो ट्रैक्टरों से महिलाओं सहित सैकड़ों ग्रामीण पुलिस अत्याचार की शिकायत करने पुलिस अधीक्षक के आवास पहुंचे लेकिन उनकी एसपी से भेंट नहीं हो सकी| पुलिस ने प्रमोद की ओर से मुन्ना व उनके भाई सुधाकर, राघवेन्द्र, धर्मेन्द्र उर्फ़ धरमू तथा मुन्ना के पुत्र अंकुर व उसके छोटे भाई के विरुद्ध केस दर्ज किया है| पुलिस ने आरोपियों पर १४७, १४८, १४९, ४५२, ३०७, २७९, ३३८, ५०४, ५०६ की धाराएं लगाई हैं|

एक बेर के लालच में बच्चे की गई जान

फर्रुखाबाद: एक बेर खाने के लालच में नदी में गिर जाने से बालक अरुण की मौत हो गई|

अरुण थाना कमालगंज के ग्राम दरौरा निवासी दलित रामसिंह कठेरिया का ६ वर्षीय पुत्र था| वह ३ साल के बच्चे के साथ सुबह ९ बजे गाँव के पास नदी के किनारे लगे पेड़ से बेर खाने गया था| उसने पका बेर नदी में पड़ा देखा और बेर निकालने के लिए नदी में घुस गया| अरुण के डूब जाने पर गाँव में कोहराम मच गया|

ग्रामीणों ने बालक को काफी तलाश किया उसके बाद गोताखोरों को भी लगाया गया| पुल के निकट जाल भी लगाया गया| सूचना मिलने पर एसडीएम, तहसीलदार लेखपाल व थानाध्यक्ष आरके सक्सेना मौके पर पहुँच गए|

एसपी ने बच्ची का इलाज न करने वाले डाक्टर को हड़काया

फर्रुखाबाद: बिस्फोट में गंभीर रूप से घायल बालिका कनन को इलाज कराने के लिए उसके परिजनों ने ४ अस्पतालों के चक्कर लगाए| पुलिस अधीक्षक ने मानवता को ताक पर रखकर बच्ची का इलाज न करने वाले डाक्टर को हड़काया|

घायल बच्ची कनन को उसके परिजन सिटी अस्पताल डॉ ब्रजेश यादव,. डॉ भल्ला, डॉ सुबोध वर्मा व डॉ जोयल के अस्पताल ले गए| लेकिन किसी ने भी बच्ची का इलाज नहीं किया| अनेकों प्रकार के बहानेबाजी करके परिजनों को टरका दिया| डॉ जोयल के अस्पताल में बालिका की पट्टी की गई| जब परिजन हताश होकर ब्रह्मदत्त द्विवेदी चिकित्सालय पहुंचे तो डॉ हरिदत्त ने बालिका को भर्ती कर लिया और तुरंत ही इलाज किया| गुस्साए परिजाओं ने अस्पताल में तोड़-फोड़ भी की|

घायल बच्ची का इलाज न करने की जानकारी मिलने पर पुलिस अधीक्षक ओम प्रकाश सागर सिटी अस्पताल गए उन्होंने डॉ विपुल अग्रवाल को इलाज न करने के लिए हड़काया और कहा कि तुम लोगों में मानवता नाम की कोई चीज नहीं रही पहले इलाज करना चाहिए था बाद में पैसे माँगने चाहिए| गलती होने के कारण डाक्टर खामोश बने रहे|

धमाके के बाद नेताओं ने भी लिया जायजा

फर्रुखाबाद: पूर्व विधायक विजय सिंह उर्फ़ उस्ताद व जनक्रांति पार्टी के नेता मोहन अग्रवाल बिस्फोट में घायलों के आंसू पोंछने पहुंचे|

पूर्व विधायक विजय सिंह पहले बढपुर स्थित लाला अनोखेलाल के आवास पर पहुंचे| वहां मकान के बाहरी मलबे को हटाने में दर्जनों लोग लगे थे| लोगों ने जेसीवी मशीन के लिए जब नगर पालिका चेयरमैन मनोज अग्रवाल से सम्पर्क किया तो उनका मोबाइल स्विच आफ था| नगर पालिका से जानकारी करने पर पता चला कि जेसीवी मशीन खराब है| इस बात की जानकारी मिलने पर विजय सिंह ने नलकूप कालोनी में रहने वाले अपने मित्र उदय प्रताप सिंह को जेसीवी मशीन भेजने को कहा|

श्री सिंह ने लोहिया अस्पताल पहुंचकर बिस्फोट में मृत पप्पी व घायल आलोक गुप्ता के बारे में जानकारी कर पीड़ित परिवार को ढाढस बंधाया| जनक्रांति पार्टी से फर्रुखाबाद विधान सभा के घोषित प्रत्याशी मोहन अग्रवाल ने ब्रह्मदत्त द्विवेदी चिकित्सालय व लोहिया अस्पताल पहुंचकर घटना के बारे में जानकारी की|

युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत!

फर्रुखाबाद: युवक लाला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई|

२० वर्षीय लाला थाना कमालगंज के ग्राम दरौरा में अपने मामा ब्रजपाल सिंह के यहाँ रहता था तथा दिल्ली में प्राईवेट नौकरी करता था व होली पर घर आया था| लाला गाँव के ही नदी में डूबे बालक की भी खोजबीन कराने गया था|

ढाई बजे उसका शव मामा के ही बाग़ में चांदनी के पेंड पर अगौन्छे से लटका देखा गया| लाला पड़ोसी जिला हरदोई थाना हरपालपुर के ग्राम जकौती निवासी स्वर्गीय सुरेश का पुत्र था और सुरेश ब्रजपाल सिंह डाकिया का बहनोई था|

लाला के शव का उसके परिजनों ने पंचनामा भरने से मना कर उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया|

रुपये का तगादा करने में चली गई पप्पी की जान

फर्रुखाबाद: बढपुर में हुए बम बिस्फोट की घटना में मारा गया पप्पी मजदूरी के रुपयों का तगादा करने गया था| पप्पी उर्फ़ शकील लाला अनोखेलाल के बेटे राजेन्द्र गुप्ता की टैक्सी चलाता था| पप्पी का पुस्तैनी मकान पहले अनोखेलाल के पड़ोस में ही था जिसको बेंचकर वहीं पड़ोस की बगिया में वह राजेन्द्र के मकान में किराए पर रहने लगा| वह टैक्सी के अलावा जरूरत पड़ने पर रिक्सा भी चलाता था तथा मिठाई की दुकान पर कारीगरी का भी काम करता था|

बिस्फोट से अविवाहित पप्पी का चेहरा व एक हाँथ बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया| जिसको देखकर अनुमान लगाया गया कि वह बिस्फोटक सामिग्री के काफी नजदीक बैठा था अथवा बिस्फोटक सामिग्री के साथ छेड़-छाड़ कर रहा था| बताया गया है कि उसके पिता को हैवतपुर गढ़िया स्थित काशीराम कालोनी में आवास मिला है| पप्पी की बहन व भाई वकील, पप्पू व सलीम आदि परिजन लोहिया अस्पताल पहुंचे जो पप्पी के गम में बुरी तरह बिलखते रहे|

कनन की जान मौत के आगोश में, बाल-बाल बचा आलोक

फर्रुखाबाद: ब्बिस्फोत में घायल कनन जिन्दगी और मौत से संघर्ष कर रही है उसके दोनों पैर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए| बढपुर के बिस्फोट में घायल रवीन्द्र गुप्ता की ४ वर्षीय पुत्री कनन का ब्रह्मदत्त द्विवेदी अस्पताल में इलाज किया जा रहा है|

डॉ हरिदत्त द्विवेदी ने बताया कि कनन की हालत नाजुक है उसके दोनों पैर टूट गए हैं| मकान के मलबे से दबकर पैरों में फैक्चर हुआ और आग से भी झुलसी है| उधर बिस्फोट के मलबे से दबकर घायल आलोक बाल-बाल बच गया| वह बाइक लेकर मौसा संदीप के यहाँ होली मिलने जा रहा था| बिस्फोट के समय वह अनोखेलाल के मकान के पूर्वी ओर संकरी गली से गुजर रहा था ऊपर मलबा गिरने से वह दब गया था|

मेडिकल स्टोर मालिक विजय कटियार ने घायल आलोक का लोहिया अस्पताल में इलाज करवाने में सहयोग किया| उन्होंने बताया कि आलोक मेरे मेडिकल पर नौकरी करता है| सूचना मिलने पर आलोक की माँ व मौसी आदि परिजन लोहिया अस्पताल पहुंचे|

आतिशबाजी से हुआ विस्फोट, गैस सिलेंडर फटने की अफवाह उड़ायी

फर्रुखाबाद: बढपुर स्थित अनोखेलाल गुप्ता के मकान में विस्फोटक सामिग्री से ही जबर्दस्त विस्फोट हुआ था, परिजनों ने कानूनी पचड़े से बचने के लिए गैस सिलेंडर के फटने की अफवाह उड़ायी| जिला अग्निशमन अधिकारी आर के बाजपेयी ने जेएनआई को बताया की घटना स्थल से आतिशबाजी का सामान बरामद हुआ है, जिन्हें जाँच के लिए सील कर दिया गया है| पुराना होने के कारण मकान शीघ्र ही ढह गया|

बिस्फोट के बाद यह खबर जंगल में आग की तरह फ़ैली कि अनोखेलाल के मकान में गैस सिलेंडर फटा है| लेकिन जब वहां लोग पहुंचे तो वहां कहीं भी गैस सिलेंडर का टुकड़ा दिखाई नहीं पडा और न ही गैस की महक लगी| पटाखों में प्रयोग की जाने वाली सामिग्री की महक प्रतीत हुई|

जब पुलिस अधीक्षक ओम प्रकाश सागर मौके पर पहुंचे तो उन्होंने भी सिलेंडर के टुकड़े दिखाई न पड़ने की बात कही| जिस कमरे में बिस्फोट हुआ उसी कमरे में टीबी, फ्रिज, काफी मशीन रखा था| अनेकों लोग टीबी पर कार्यक्रम देख रहे थे| बिस्फोट से थोड़ी देर पहले ही बिजली चली गयी थी जिसके कारण अन्य लोग कमरे से बाहर निकल गए थे|

बच्ची कनन व पप्पी कमरे में बैठा था| मोहल्ले वालों ने बताया कि अनोखेलाल के पुत्रों ने पटाखों की दुकान लगाई थी हो सकता है कि बचे हुए पटाखों में बिस्फोट हो गया हो| पुलिस ने मलबे को खंगाला तो कहीं भी गैस सिलेंडर का नामो निशान नहीं मिला बल्कि पटाखों का जखीरा मिला|

फायर बिग्रेड अधिकारी श्री बाजपेयी ने बताया कि कमरे में काफी आतिशबाजी में प्रयोग किये जाने वाले अनार मिले हैं| isliye