फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय गोरखपुर के ओपीडी में जल्द ही कैंसर स्क्रीनिंग की सुविधा शुरू की जाएगी। इस पहल को लेकर विश्वविद्यालय के कुलपति डा. के. रामचंद्र रेड्डी एवं कानपुर के रामा मेडिकल कॉलेज के कैंसर रोग विशेषज्ञ डा. युवराज सिंह के बीच बैठक आयोजित हुई।
बैठक में कैंसर की बढ़ती समस्या, उसके कारणों और उपचार के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। डा. युवराज सिंह ने बताया कि भारत में कैंसर के अधिकांश मामले तंबाकू सेवन और आनुवांशिक कारणों से सामने आते हैं। इसके अलावा जंक फूड और शराब का सेवन भी कैंसर के खतरे को बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि सिगरेट का धुआं शरीर के जिस भी अंग से होकर गुजरता है, वहां कैंसर विकसित होने की संभावना बढ़ जाती है।
बैठक के दौरान आयुर्वेदिक औषधियों की भूमिका पर भी विचार-विमर्श हुआ। विशेष रूप से इस बात पर चर्चा की गई कि कीमोथेरेपी जैसे उपचार के बाद कैंसर मरीजों की रिकवरी में आयुर्वेदिक दवाएं किस प्रकार सहायक हो सकती हैं। इसके बाद डा. युवराज सिंह ने
विश्वविद्यालय के ड्रग स्टोर का निरीक्षण कर विभिन्न औषधियों की जानकारी प्राप्त की। इस अवसर पर डा. रमाकांत द्विवेदी, डा. लक्ष्मी अग्निहोत्री, डा. रम्य जय कुमार तथा वित्त नियंत्रक अतुल तिवारी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
डा. युवराज सिंह के सहयोग से आयुष विश्वविद्यालय में जल्द शुरू होगी कैंसर स्क्रीनिंग सुविधा





