गंदगी व बरसात से उल्टी व दस्त के मरीजों की संख्या बढ़ी

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FARRUKHABAD : बारिश के गंदे पानी के सड़ने और गंदगी बढ़ने से उल्टी, दस्त के मरीजों की संख्या में दिनों दिन वृद्वि हो रही है। लोहिया अस्पताल की यदि बात करें तो फिजीशियन कक्ष व आपातकालीन चिकित्सा में ऐसे मरीजों की लम्बी लाइनें देखने को मिल रहीं हैं। इन बीमारियों की मुख्य बजह गंदा पानी पीना बताया गया।

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सड़ांध मार रहीं नालियां, बजबजाती गलियों व गंदे पानी से अब मोहल्लों में उल्टी दस्त जैसी गंभीर बीमारी पनपने लगी है। कई दिन से हो रही रुक रुक कर बारिश से नाले नालियों का पानी पाइप लाइन के माध्यम से लोगों के घरों में प्रवेश कर रहा है। जिसके पीने से ज्यादातर नागरिक उल्टी दस्त, डायरिया, हैजा के मरीज बन रहे हैं। दवा काउंटर पर मरीजों को दवाई लेने के लिए काफी देर तक इंतजार करना पड़ रहा है। आने वाले समय में इस तरह के और कई मरीजों की संख्या बढ़ने की संभावना जतायी जा रही है। बीते दिनों लोहिया अस्पताल में 25 वर्षीय दीपा पत्नी प्रवेश कुमार निवासी समजुइया मेरापुर, 15 वर्षीय सचिन पुत्र बिल्लू निवासी मसेनी, 46 वर्षीय मुन्नीदेवी पत्नी सोनपाल निवासी महरूपुर सहजू फतेहगढ़, 4 वर्षीय अनुराग कश्यप पुत्र रामवीर निवासी रामनगर ग्वालटोली, 90 वर्षीय रन्नो पत्नी गेंदनलाल निवासी शीशमबाग फतेहगढ़ को उल्टी दस्त की शिकायत होने पर लोहिया अस्पताल में भर्ती किया गया है। यदि शीघ्र नाले नालियों का पानी नगर पालिका की सप्लाई वाले नलों में जाने से न रोका गया तो बड़ी संक्रामक बीमारी शहर में फैल सकती है। जिसका जिम्मेदार नगर पालिका प्रशासन के साथ ही जनपद प्रशासन होगा।

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इस सम्बंध में लोहिया अस्पताल के आपातकालीन चिकित्सक डा0 धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि इन बीमारियों से बचने के लिए कुछ सावधानियां आवश्यक हैं। जिसके लिए लोगों को हाथ धोकर ही खाना खाना चाहिए, गंदे पानी से बचाव करना चाहिए, उबाल कर पानी पीना चाहिए, बाजारों में बिक रहे खुले फल व अन्य खाद्य सामग्री नहीं खाना चाहिए। तो इन बीमारियों से काफी हद तक बचा जा सकता है।

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