केन्द्रांश का पैसा शतप्रतिशत खर्च न हुआ तो कर्मचारियों पर होगी कार्यवाही

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फर्रुखाबाद: जिलाधिकारी मुथुकुमार स्वामी ने अपने कैम्प कार्यालय में आयोजित जिला औद्यानिक मिशन समिति की बैठक में 1 करोड़ 78 लाख 69 हजार 900 की कार्य योजना का अनुमोदन करते हुए कहा कि औद्यानिक मिशन के अन्तर्गत लाभार्थियों का चयन निष्पक्षता के साथ पात्र व्यक्तियों का किया जाये।

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उन्होंने कहा कि औद्यानिक मिशन में केन्द्रांश एवं राज्यांश का पैसा मिलता परन्तु राज्यांश का पैसा अधिक उपयोग में लाया गया है केन्द्रांश का पैसा कम किया गया है यह अनुचित है। भविष्य में केन्द्रांश का पैसा शतप्रतिशत उपयोग में लाया जाये अन्यथा कार्यवाही की जायेगी।
इस योजना में जो धनराशि प्राप्त हो उसका मदवार व्यय करके किसानों को लाभान्वित कराया जाये तथा कराये गये कार्य की फोटो/वीडियोग्राफी करवा ली जाये। जनपद में आलू की पैदावार अधिक होती है। परन्तु आलू उद्योग नहीं लग पा रहा है। इसलिए किसानों को प्रेरित किया जाये, अच्छी किस्म का आलू बीज बोए ताकि आलू से सम्बंधित उद्योग लगाने में सुगमता हो। आलू बीज प्राप्त करने को शासन को लिखा जाये।

जिलाधिकारी ने कहा कि आलू के अलावा मिर्च, लहसुन, प्याज, फूलों व औषधियों की खेती करने व वर्मी कम्पोस्ट खाद का प्रयोग करने के लिए प्रेरित किया जाये। तकनीकी जानकारी हेतु कृषि वैज्ञानिकों की सहायता किसानों को प्रशिक्षित किया जाये तथा अन्य प्रदेशों में भ्रमण कराकर जानकारी उपलब्ध कराई जाये। मधुमख्खी पालन के लिए भी प्रेरित किया जाये। आम, पपीता, अमरूद की पौध भी लगायी जाये।

जिला आलू एवं शाक भाजी विकास अधिकारी एम सी भारती ने औद्यानिक मिशन की विस्तार से जानकारी दी। प्रगतिशील किसान अशोक कटियार ने बताया कि फसल बुबाई के समय प्रायः खाद की कमी जानबूझकर उत्पन्न की जाती है। इसकी जांच कराये जाने की आवश्यकता है। प्रगतिशील किसान नारद सिंह ने कहा कि किसान नई किस्म का आलू बोने को तैयार है लेकिन इसके लिए पर्याप्त बीज उपलब्ध कराया जाना आवश्यक है। बैठक में जिला विकास अधिकारी ए के सिंह चन्द्रौल, वरिष्ठ कोषाधिकारी श्री निवास शुक्ला एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

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