लखनऊ : प्रतियोगी परीक्षाओं में आरक्षण नियमों में बदलाव को लेकर इलाहाबाद में शुरू आंदोलन सोमवार को हिंसक हो उठा। उत्तर प्रदेश लोकसेवा आयोग के बाहर जुटे हजारों प्रतियोगियों ने डेढ़ दर्जन से अधिक बसों में तोड़फोड़ की। कई वाहनों को क्षतिग्रस्त कर दिया और मार्च करते हुए मुख्य बाजार सिविल लाइंस को बंद करा दिया। इस दौरान प्रतियोगियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और सपा के एक विधायक के घर पर पथराव भी किया। शहर के मुख्य स्थानों पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। आयोग की भी पुलिस ने घेराबंदी कर रखी है।
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ज्ञातव्य है कि पीसीएस मुख्य परीक्षा 2011 में आरक्षण नियमों को परिवर्तित करने से सामान्य वर्ग के अभ्यर्थी नाराज हैं। इसके विरोध में पिछले एक सप्ताह से छात्र आंदोलनरत हैं। आज छात्रों ने विरोध प्रदर्शन का एलान किया था। दस बजे से सैकड़ों छात्र जुलूस की शक्ल में आयोग पहुंच गए थे। यह संख्या हजारों में पहुंच गई। आयोग की ओर से वार्ता की कोई पहल नहीं होने पर छात्र जुलूस की शक्ल में सिविल लाइंस के सुभाष चौराहे की ओर बढ़े और रोडवेज बस स्टैंड के पास पहुंचते ही तोड़फोड़ शुरू कर दी।
इलाहाबाद में भड़की आरक्षण विरोधी आंदोलन की चिंगारी
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