डीएम को मिली गुप्त सूचना के बाद पड़े छापे में पुष्टाहार का जखीरा बरामद

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कायमगंज (फर्रुखाबाद) : महिला कल्याण एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों की मिली भगत से हो रही कालाबाजारी के चलते अब तो बाल पुष्टाहार के नाम से आने वाली पंजीरी वास्तव में पशुआहार बनकर रह गयी है। गरीबों के कुपोषित दुधमुंहे बच्चों के मुंह से छिन कर यह पुष्टाहार गांव के नंबरदारों की भैंसों का चारा बनकर रह जाता है। गुरुवार को जिलाधिकारी को मिली गुप्त सूचना के बाद कायमगंज क्षेत्र के ग्राम दत्तू नगला में अचानक छापेमारी से वहां 309 बोरियों से अधिक पुष्टाहार बरामद हुआ है। सभी बोरियों को कमरे में सील करा दिया गया। सूत्र बताते हैं कि ब्लाक कार्यालय सथित विभागीय गादाम से चंद कदम की दूरी पर पकड़े गये जखीरे को विभागीय सीडीपीओ ने ही रखवाया था।

जिलाधिकारी कार्यालय से मिले फैक्स के बाद सरकारी अमला हरकत में आया। नायब तहसीलदार अनिल तिवारी व नासिर हुसैन खां के साथ सीडीपीओ ऊषा मौर्य, मुख्य सेविका रन्नोदेवी ने अचानक नगला दत्तू में छापा मारा। इस दौरान दत्तू नगला निवासी नेत्रपाल पुत्र सूबेदार के घर में दो कमरों में बाल पुष्टाहार की 226 बोरी मरामद कीं। दत्तू नगला के ही नसीम पुत्र अलाउददीन मंसूरी के घर में छापा मारा तो उनके घर से 67 बोरी बरामद हुईं। वहीं की दान कुमारी के घर से 16 बोरी बाल पुष्टाहार की बरामद की गयीं।

पुष्टाहार की सभी बोरियों को उन्हीं कमरों में बंद करके सील कर दिया गया। सभी ने अपनी सफाई देते हुए यह बताया कि यह बोरियां उन्हें दी गयीं थीं। जबकि सभी बोरियों पर पुरानी तारीख पड़ी हुई है। इस सम्बंध में एस एस आई जगदीश तिवारी ने नगला दत्तू निवासी नेत्रपाल को हिरासत में ले लिया है।

जाहिर है कि पुष्टाहार का इतना बड़ा जखीरा विभागीय सीडीपी की मंशा व मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। जहां पर यह अवैध रूप से भंडारित पुष्टाहार का जखीरा मिला है, वह कायमगंज ब्लाक कार्याल स्थित विभागीय गोदाम से चंद कदम की दूरी पर स्थित हैं। सीडीपीओ ऊषा मौर्या इस संबंध में से बात करने का प्रयास किया गया परंतु वह मुंह खोलने को राजी नहीं है।

मजे की बात यह है कि गरीबों के कुपोषित दुधमुंहे मासूमों के लिये आने वाले इस पुष्टाहार की कालाबाजारी का इतना बड़ा मामला कायमगंज में प्रकाश में आया है, जो कि राज्य महिला अयोग की उपाध्यक्ष सुनीता सिद्धार्थ का गृह क्षेत्र है। श्री मती सिद्धार्थ के कायमगंज आगमन पर यही सीडीपीओ उनके आगे पीछे मंडराती भी नजर आती हैं।