20 बार सर्वोदय मंडल को विधुत शव दाह्ग्रह बनवाने की घुट्टी पिला चुका प्रशासन

imagesफर्रुखाबाद- गंगा को अविरल और निर्मल बनाने का प्रयास तो वैसे कई संगठन कर रहे हैं | भारतीय जनता पार्टी तो इस पर कई बड़ी रैलियाँ भी कर चुकी है वही गंगा में गन्दगी कम होने का नाम नहीं ले रही है जिससे गंगा के आस्तित्व पर खतरा मडरा रहा है | गंगा में गन्दगी की सबसे अधिक बड़ी बजह बने अधजले शव या उनके बचे हुए अवशेष जिसमे और अधिक इजाफा कर रहे हैं |

सर्वोदय मंडल बीते तीन वर्षों से अधिक समय से घटियाघाट पर विधुत शव दाह गृह बनवाने के लिए कई आन्दोलन, अनशन व् ज्ञापन देकर प्रशासन से मांग कर चुका है लेकिन हरबार प्रशासन सर्वोदयों को सिर्फ आश्वासन की घुट्टी पिलाकर अनशन व आन्दोलन खत्म करा देता है| आगामी कुछ दिनों में सर्वोदयों ने श्मसान घात पर अनशन देने की चेतावनी दी है | देखना यह है कि अब प्रशासन कौन सा नया पैंतरा सर्वोदयों का अनशन खत्म कराने के लिए इस्तेमाल करेगा |

सर्वोदय मंडल ने बीते तीन वर्षों में कितने अनशन और ज्ञापन किये हैं वह इस प्रकार हैं-

  • सर्व प्रथम आठ मई २००९ को सर्वोदय मंडल के कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट, प्रधान्म्नात्री व राष्ट्रपति को दिया था |
  • १७ दिसम्बर २००९ को पुनः ज्ञापन राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल व उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को भेजा गया |
  • 5 जुलाई २०१० को सर्वोदय मंडल के कार्यकर्ता क्रमिक अनशन पर डीएसओ कार्यालय के बाहर बैठे थे |
  • १२ सितम्बर २०१० को पुनः जिला पूर्ती कार्यालय के बाहर अनशन किया गया |
  • १६ अक्टूबर २०१३ को इस सम्बन्ध में एक बैठक का आयोजन किया गया | जिसमे आगे की रणनीति बनायी गयी |
  • २३ अक्टूबर २०१० को डीएम से सर्वोदयों ने इस सम्बन्ध में मुलाक़ात की |
  • १२ सितम्बर २०११ को पुनः ज्ञापन राष्ट्रपति, प्रधान्मंत्री, राज्यपाल को दिया गया |
  • 5 फरवरी २०१३ को स्वराज कुटीर में आमरण अनशन करने के लिए रणनीति तैयार की गयी |
  • ८ फरवरी को नगर विधायक विजय सिंह ने विधुत शव दाह्ग्रह के लिए २५ लाख देने की घोषणा की वहीं एमएलसी मनोज अग्रवाल ने २५ लाख देने की बात कही |
  • १८ फरवरी २०१३ को सिटी मजिस्ट्रेट फर्रुखाबाद से अब तक हुयी कार्रवाई के विषय में जानकारी माँगी गयी  लेकिन इसका उत्तर अभी तक नहीं दिया गया |
  • २१ मार्च को नगर पालिका अध्यक्ष वत्सला अग्रवाल को लिखित ज्ञापन व डीएम को प्रार्थना पत्र दिया गया |
  • १२ मई को विधुत शव दाह गृह हेतु विचार विमर्स के लिए गोष्ठी का आयोजन |
  • १६ मई को नगर मजिस्ट्रेट फर्रुखाबाद को ज्ञापन सौंपा गया |
  • २० मई को पुनः नगर मजिस्ट्रेट को ज्ञापन |
  • २५ मई को पुनः फिर नगर मजिस्ट्रेट को ज्ञापन |
  • 5 जून को ऋषी आश्रम घटियाघाट पर सर्वोदय कार्यकर्ताओं ने सत्याग्रह किया |
  • १६ अगस्त को नगर मजिस्ट्रेट व जिलाधिकारी से पुनः अब तक हुयी कार्रवाई के सम्बन्ध में जबाव माँगा |
  • १६ अक्टूबर को बैठक की |
  • ७ नबम्वर २०१३ को विधुत शवदाह गृह व ट्रीटमेंट प्लांट के लिए पुनः सर्वोदय मंडल ने बैठक कर रणनीति बनायी |
  • २५ नवम्बर २०१३ को पुनः जिलाधिकारी को इस सम्बन्ध में ज्ञापन सौंपा गया |

– तीन साल से अधिक समय विधुत शव दाह्ग्रह की मांग को लेकर सर्वोदय मंडल के कार्यकर्ताओं के द्वारा अनशन और ज्ञापन किये जा रहे हैं| प्रशासन पहले भी सर्वोदयों को इस सम्बन्ध में लालीपाप पर लालीपाप दिए जा रहा है | आगामी कुछ दिनों में सर्वोदय मंडल विधुत शवदाह गृह के लिए शमसान घाट पर अनशन करने का बिगुल फूंक चुका है | सर्वोदय मंडल के गोपाल बाबू पुरवार व एडवोकेट लक्ष्मण सिंह का कहना है कि इस बार लड़ाई आर-पार की होगी | देखना यह है कि प्रशासन इस बार सर्वोदय मंडल को क्या लालीपाप देकर अनशन समाप्त करायेगी |