बसंत पंचमी पर युवाओं ने उड़ाई उमंगों की पतंग,किया सरस्वती पूजन

FARRUKHABAD NEWS


फर्रुखाबाद:(नगर संवाददाता) बुद्धि, ज्ञान, वाणी की अधिष्ठात्री देवी मां सरस्वती के जन्म दिवस को वसंत पंचमी के रूप में मनाया गया। घर, मंदिरों के अलावा विभिन्न स्थानों पर यज्ञ हवन के कार्यक्रम आयोजित कर मां सरस्वती की पूजा की। माता को सफेद वस्तु दूध, दही, मक्खन, सफेद तिल, सफेद चंदन, सफेद फूल, सफेद वस्त्र, मूली, नारियल, श्रीफल आदि चढ़ाए। बच्चे और युवाओं ने जमकर पतंग उड़ाई। एक दूसरे की पतंग को काटने के लिए होड़ लगी। कटी पतंग को पकड़ने के लिए बच्चे दौड़ लगाते रहे।
महिलाएं, बच्चे और युवा पीले रंग के कपड़े पहने हुए पतंगबाजी करने में व्यस्त थे। युवतियां व महिलाएं भी पतंगबाजी करने में पीछे नहीं दिख रही थीं। जैसे ही कोई किसी की पतंग काटता तो छत पर मौजूद लोग वो काटी है, दिवाला है कहकर शोर मचाने
लगते। भोर से लेकर शाम तक इसी तरह का शोर चारों ओर गूंजता रहा। शाम होते ही चारों तरफ लोगों ने कंडील छुड़ाई। इसके साथ ही जमकर आतिशबाजी भी छुड़ाई गई। रंग-बिरंगी आतिशबाजी का नजारा शाम को देखते ही बन रहा था। वसंतपंचमी के दौरान डीजे पर बज रहे गानों पर युवाओं ने जमकर डांस किया। शाम को युवतियां भी डांस करने से पीछे नहीं रहीं। ज्यादातर छतों पर लोग नृत्य कर रहे थे। गैस के गुब्बारों की भी खूब बिक्री हुई| महाकाल मंदिर में पूजा करती प्रमुख महंत अर्चना दीक्षित ने सरस्वती जी का पूजन किया | लोगों नें गंगा में आस्था की डुबकी लगायी|