विहिप के विरोध में उतरी हिंदू महासभा, शिवसेना ने समर्थन जताया

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hindu flagलखनऊ : विश्व हिंदू परिषद द्वारा चौरासी कोसी यात्रा के एलान से सियासी तपिश बढ़ने का असर हिंदूवादी संगठनों पर भी दिखने लगा। अखिल भारत हिंदू महासभा ने यात्रा को धार्मिक नहीं सियासी करार देते हुए सपा भाजपा की मिलीभगत का सुनियोजित कार्यक्रम बताते हुए विरोध का फैसला लिया है।
महासभा प्रदेश अध्यक्ष काशीनाथ ने कहा कि हिंदू धर्म परम्पराएं तोड़कर सौहार्द को समाप्त करने की इजाजत नहीं देता। विहिप नेताओं ने सपा प्रमुख मुलायम सिंह और मुख्यमंत्री से मिलकर जिस तरह चौरासी कोसी यात्रा निकाल राजनीतिक लाभ लेने का तानाबाना बुना है। उसे हिंदू महासभा कामयाब नहीं होने देंगी। संयोजक रीता राय ने बताया कि भाजपा सपा को लाभ देने के लिए विहिप ने यात्रा निकाली तो हिंदू महासभा भी रामकोटी यात्रा निकाल जनता को सच्चाई बताएगी। उन्होंने सपा प्रमुख और विहिप नेताओं की वार्ता को सार्वजनिक करने की मांग की।
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शिवसेना के प्रदेश प्रमुख उदय पांडेय ने चौरासी कोसी यात्रा को हिंदू समाज की जागृति के लिए जरूरी बताते हुए कहा कि संतों को पूरा समर्थन दिया जाएगा। विहिप के संघर्ष में कंधे से कंधा मिलाकर साथ देने का एलान करते हुए पांडेय ने नगर विकास मंत्री आजम खां को हिंदुओं के धार्मिक मामलों में अनावश्यक दखल न देने की सलाह दी।
यात्रा नहीं सपा भाजपा की चुनावी तैयारी: रालोद
राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश अध्यक्ष मुन्ना सिंह चौहान ने विहिप की चौरासी यात्रा को सपा व भाजपा की लोकसभा चुनाव की तैयारी का हिस्सा बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री आवास पर बनी साम्प्रदायिक धुव्रीकरण की कार्ययोजना को प्रदेश की जनता अच्छी तरह जान गयी है। यात्रा के बहाने संतो की गिरफ्तारी और फिर प्रदेश में साम्प्रदायिक विद्वेष फैलाने की तैयारी है। चौहान ने बताया गत लोकसभा चुनाव से पहले साम्प्रदायिक माहौल खराब नहीं हो सका था। जिस कारण भाजपा व सपा को अपेक्षित लाभ नहीं मिल सका था।