फर्रुखाबाद:(अमृतपुर संवाददाता) अमृतपुर थाने प्रांगण में बरसों पुराने बने प्रशासनिक भवन व माल खाने को शासन को याद आ गई कि उसमें पानी जब बरसता है वह नीचे टपकता है जिसको लेकर पीडब्ल्यूडी के जेई अंकित जांच पड़ताल करने पहुंच गए और उन्होंने बताया है कि जल्द ही प्रशासनिक भवन व माल खाने की बिल्डिंग तैयार की जाएगी उन्होंने चारों तरफ से नाफ की नाप करने के बाद उन्होंने बताया कि शासन द्वारा पीडब्ल्यूडी को एक पत्र दिया गया जिसमें बताया कि अमृतपुर थाने का मलखाना व प्रशासनिक भवन बरसात के पानी में टपकता है और जर्जर हो गया है जो की थाने की स्थापना 1990 में ब्रह्म दत्त द्विवेदी के द्वारा कराई गई थी, जिसका रकबा 2 एकड़ में है थाना अध्यक्ष इंद्रजीत के द्वारा जानकारी दी की फरवरी 1990 में यह बिल्डिंग बनकर तैयार हुई थी जिसमें प्रशासनिक भवन माल खाने की छत जर्जर हो चुकी है बरसात में पानी नीचे आता है जिससे कि रखे रजिस्टर व अन्य चीज खराब हो रही थी और उन्होंने बताया कि रसोई घर की छत जर्जर हुई और प्लास्टर छूकर गिरने लगा इससे किसी दिन हादसा हो सकता है उन्होंने पीडब्ल्यूडी के जेई अंकित को दिखाई और उसकी भी नाप कर दी उन्होंने कहा कि शासन द्वारा मलखाना व प्रशासनिक भवन के लिए आदेश हैं रसोई घर की कार्रवाई आगे भेजेंगे|
अमृतपुर थाने को जल्द मिलेगा नया प्रशासनिक भवन व मलखाना





