फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) थाना मोहम्मदाबाद क्षेत्र का एक वीडियो पिछले माह सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। जिसने पुलिस विभाग की छवि पर गहरी चोट पहुंचाई थी। वीडियो में साफ सुना जा सकता था कि क्षेत्र के हल्का इंचार्ज अच्छे लाल पाल 15 हजार रुपये प्रतिमाह लेते हैं। तभी क्षेत्र में सट्टे का कारोबार बेखौफ चल पाता है। यह वीडियो सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था।
वीडियो वायरल होने के तुरंत बाद पुलिस अधीक्षक आरती सिंह ने कार्रवाई करते हुए हल्का इंचार्ज अच्छे लाल पाल को लाइन हाजिर कर दिया था। इस कदम से उम्मीद जताई जा रही थी कि क्षेत्र में सक्रिय सट्टा माफियाओं पर जल्द ही शिकंजा कसा जाएगा। लेकिन कार्रवाई के एक सप्ताह से अधिक समय गुजर जाने के बाद भी पुलिस किसी भी सट्टा माफिया तक नहीं पहुंच पाई है। सट्टा माफियाओं के खिलाफ कार्यवाही
में देरी ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि खुलेआम चल रहा सट्टा कारोबार अब भी जारी है और सटोरिये पुलिस कार्रवाई से बेखौफ हैं। मामले पर क्षेत्राधिकारी मोहम्मदाबाद अजय वर्मा ने बताया कि वायरल वीडियो की जांच अभी जारी है। उन्होंने कहा कि अब तक किसी भी सटोरिये की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। जल्द ही अभियान चलाकर सट्टा माफियाओं की गिरफ्तारी की जाएगी। सीओ का कहना है कि पुलिस तकनीकी जांच और निगरानी के जरिए सटोरियों की पहचान कर रही है व कार्यवाही में देरी का कारण ठोस सबूत जुटाना है।
सट्टा माफियाओं तक नही पंहुच सका पुलिस का हाथ, दारोगा हुए थे लाइन हाजिर



