फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश नें विधि कदाचार का दोषी मानते हुए 10 अधिक्ताओं का लाइसेंस तीन सालो के लिए निलंबित कर दिया|
थाना कम्पिल के मोहल्ला चौधरियान निवासीअधिवक्ता राघव चन्द्र शुक्ला व पितौरा कायमगंज निवासी
अधिवक्ता शफीक खां ने शिकायत की थी, शिकायत बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश को फर्जी ट्रस्ट बनाने की हुई थी| शिकायत में हुई सुनवाई में विधिक कदाचार का दोषी पाया गया, जिसके बाद
अधिवक्ता अमित कुमार, अधिवक्ता गोपाल कृष्ण पाठक, प्रमोद कुमार गंगवार, अजीम हुसैन, नौशाद अली, सुधीर कुमार, दीपेन्द्र कुमार विकास गंगवार, हरिपाल सिंह, रोमेश कुमार को तीन सालों के लिए निलंबित कर दिया|
अधिवक्ता की पुन: सुनवाई की याचिका निरस्त
डिबार चल रहे अधिवक्ता राजीव वाजपेयी ने पुन: सुनवाई के लिए राज्य विधिज्ञ परिषद अनुशासन समिति प्रयागराज में पुन: विलोकन प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया था| जिसे राज्य विधिज्ञ परिषद उत्त्तर प्रदेश के अनुभाग अधिकारी विरेंद्र कुमार सिंह नें प्रार्थना पत्र में पुन: सुनवाई का कोई आधार ना मानते हुए निरस्त कर दिया|
तहसील कायमगंज के 10 अधिवक्ता तीन साल के लिए डिबर



