फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत कार्यरत संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों ने सोमवार को जिले के विभिन्न सरकारी अस्पतालों में काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने लंबित मानदेय को लेकर शासन और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ नाराजगी जताई, हालांकि विरोध के साथ-साथ उन्होंने अपनी सेवाएं भी जारी रखीं।
संघ के जिलाध्यक्ष अभिषेक वाजपेयी ने बताया कि कर्मचारियों को मार्च और अप्रैल माह का वेतन अब तक नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि पिछले कई महीनों से भुगतान व्यवस्था प्रभावित चल रही है और सितंबर 2025 से लगातार मानदेय मिलने में देरी हो रही है। इससे संविदा कर्मियों की आर्थिक स्थिति खराब होती जा रही है तथा घर-परिवार चलाने में परेशानियां बढ़ रही हैं।
उन्होंने कहा कि इस संबंध में कई बार शासन स्तर पर पत्राचार किया गया और अधिकारियों को ज्ञापन भी सौंपे गए, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो सका। प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार 18 मई से 20 मई तक सभी संविदा कर्मचारी काली पट्टी बांधकर शांतिपूर्ण ढंग से विरोध प्रकट करेंगे।
स्वास्थ्य कर्मियों नें कहा कि यदि 20 मई तक बकाया भुगतान जारी नहीं किया गया तो 21 मई से “नो पे-नो वर्क” के तहत कार्य बहिष्कार शुरू किया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी शासन और संबंधित विभाग की होगी। उन्होंने सभी संविदा स्वास्थ्य कर्मियों से आंदोलन में एकजुट होकर भाग लेने की अपील की।
काली पट्टी बांध स्वास्थ्य संविदा कर्मियों ने दर्ज कराया विरोध, आंदोलन की चेतावनी



