प्रेरणा पोर्टल में हाजिरी से छेड़छाड़ का मामला उजागर, सिस्टम की विश्वसनीयता पर उठे गंभीर सवाल

फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) शिक्षा विभाग में पारदर्शिता लाने और शिक्षकों, कर्मचारियों एवं छात्राओं की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शासन द्वारा प्रेरणा पोर्टल विकसित किया गया है। इस पोर्टल के माध्यम से जनपद के सभी कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की विद्यालय में आने और जाने की सेल्फी आधारित हाजिरी दर्ज की जाती है। साथ ही विद्यालय में अध्ययनरत छात्राओं की दैनिक उपस्थिति भी इसी पोर्टल पर अंकित की जाती है।
प्रेरणा पोर्टल का मुख्य उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था में मनमानी पर रोक लगाना और जवाबदेही तय करना है। किसी भी शिक्षक या कर्मचारी को यदि अवकाश लेना होता है तो उसे ऑनलाइन आवेदन करना होता है, जिसे संबंधित उच्चाधिकारी पोर्टल के माध्यम से ही स्वीकृत करते हैं। इस पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और तकनीक आधारित बताया गया था।
हालांकि अब प्रेरणा पोर्टल की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। कुछ कर्मचारियों द्वारा पोर्टल में कथित रूप से छेड़छाड़ कर मनमर्जी से हाजिरी लगाने के तरीके अपनाए जाने की बात सामने आई है। ऐसा ही एक मामला कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, कमालगंज से उजागर हुआ है, जिसने पूरे सिस्टम की पोल खोल दी है।
विद्यालय में कार्यरत चपरासी रूपाली गुप्ता की 29 दिसंबर, सोमवार की पोर्टल हाजिरी चर्चा का विषय बनी हुई है। रिकॉर्ड के अनुसार उन्होंने सोमवार भोर में ही विद्यालय पहुंचने की हाजिरी दर्ज कर दी, लेकिन हैरानी की बात यह रही कि उसी दिन और उसी तारीख में उन्होंने विद्यालय से वापस जाने की हाजिरी सोमवार भोर में दर्ज कर दी। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि प्रेरणा पोर्टल ने इस असामान्य और संदिग्ध हाजिरी को बिना किसी आपत्ति के स्वीकार भी कर लिया।
इस प्रकरण ने प्रेरणा पोर्टल की निगरानी व्यवस्था और तकनीकी मजबूती पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं। यदि कर्मचारी बिना वास्तविक रूप से विद्यालय पहुंचे ही हाजिरी दर्ज कर सकते हैं, तो पोर्टल का मूल उद्देश्य ही निष्प्रभावी हो जाता है।जनपद में कमालगंज, राजेपुर , शमशाबाद, कायमगंज और नवाबगंज में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय संचालित हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी विश्व नाथ प्रताप सिंह ने जेएनआई न्यूज को बताया की यह मामला को गंभीर बताते हुए कहा है, कि पोर्टल से छेड़छाड़ एक गंभीर विषय है। पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी और जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।