मेलें में युवाओं में टैटू बनवाने की बढ़ रही खुमारी, प्रेम थीम व धार्मिक टैटू बने पसंद

फर्रुखाबाद:(जेएनआई ब्यूरो) मेला रामनगरिया में टैटू बनवाने का चलन बढ़ा है। मेले में सबसे अधिक टैटू आध्यात्मिक थीम वाले पसंद किए जा रहे हैं। युवा अपने हाथ, गले, गर्दन और कंधे पर अध्यात्म से जुड़े चिन्ह व अपने आराध्य से जुड़ा टैटू बनवाने की चाह अधिक दिखा रहे हैं। इसके अलावा अपने माता-पिता के चित्र वाले टैटू भी काफी पसंद किए जा रहे हैं। इसके लिए अलग-अलग डिजाइन के हिसाब से उनसे 10 से लेकर 1000 रुपये तक एक टैटू की डिजाइन बनायी जा रही है|
मेले में प्रवेश करते नही मुख्य द्वार के निकट कई टैटू की डिजाइन बनाने वाले कारीगरों की दुकानें हैं| जिस पर टैटू की दीवानगी देखते बनती हैं। कोई इन टैटू का इस्तेमाल स्टाइलिश दिखने के लिए कर रहा है तो कोई टैटू के जरिए अपने प्यार का इजहार कर रहा है। चाहे वह माता-पिता से हो या फिर अपने जीवन साथी से। युवाओं में टैटू गुदवाने की खुमारी इस कद्र है टैटू गुदवाते समय होने वाला दर्द भी युवाओं का मोह कम नहीं कर पा रहा। युवाओं की पहली पसंद धार्मिक टैटू बनते जा रहे हैं। आई लव माई मॉम डैड और त्रिशुल का क्रेज बना हुआ है| टैटू बना रहे दीपेन्द्र नें बताया कि पहले के दिनों में शरीर पर टैटू बनवाते समय केवल स्टाइलिश दिखने का क्रेज था। फिर चाहे कोई भी टैटू बनवा लें। समय के साथ अब युवाओं में प्रेम प्रदर्शन वाले व धार्मिक टैटू को ज्यादा पसंद किया जा रहा। इन टैटू में डमरू, शिव, त्रिशूल अपने जीवनसाथी या बच्चों के नाम का टैटू बनवाना पसंद कर रहे हैं।