फर्रुखाबाद:(राजेपुर) आचार संहिता के दौरान बैनर, पोस्टर और बोर्डों की पुताई में जिला प्रशासन इतना व्यस्त हो गया कि आवारा मवेशी पकड़ना भूल गया। बड़ी संख्या में अस्थाई गौशालाओं से गायों को छोड़ दिया गया है| जिससे वह किसानों की फसलें तबाह करने में लगे है|
बीते कुछ महीने पूर्व सीएम योगी आदित्यनाथ ने सूबे के सभी आवारा मबेशियों (गाय-सांड) आदि को पकड़कर बंद करने के लिए अस्थाई गौशालाओं का निर्माण कराया था| जिसमे क्षेत्र के आवारा मबेशियों को पकड़ कर बंद किया गया| लेकिन आचार संहिता लगते ही अफसर बेलगाम हो गये| अधिकतर अस्थाई बेडारास में बंद गायों और सांड जिम्मेदारों ने छोड़ दिये और वह बीते काफी दिनों से किसानों की फसलों पर कहर बनकर टूट पड़े है| वही जो अस्थाई गौशालों में बंद है उन्हें अपनी प्यास बुझाने और पेट भरने के भी लाले है|
आलम यह है कि नगर को या देहात हर तरफ आवारा मबेशी खुलेआम घूमते रह जायेंगे| एडीओ पंचायत अजित पाठक ने बताया कि जिन गांव में गाय छोड़ी गई है उन्हें जल्द पकड़ा जायेगा| उपजिलाधिकारी वसन्त गुप्ता ने बताया कि कई प्रधानों के खाते में बचत का पैसा भेजा गया है कई गांव में पैसा प्रधानों के खाते में नहीं गया है वह बजट ब्लॉक से भेजा जा रहा है गाय छोड़ने का मामला सीडीओ या जिलाधिकारी जाने|
आचार संहिता लगते ही फिर अनाथ हुए अन्ना मबेशी
[adrotate banner="3"]
[adrotate banner="2"]


