परिवहन निगम की हड़ताल से 18 लाख का नुकसान, यात्री भटके

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busफर्रुखाबाद: उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के कर्मचारियों ने दो दिवसीय देश व्यापी हड़ताल की घोषणा कर दी। जिससे जनपद में दो दिन में 18 लाख रुपये का नुकसान होने की संभावना जतायी जा रही है। पूरे देश में परिवहन निगम की बसों का चक्का जाम कर दिया गया है।

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जनपद में बस अड्डों पर परिवहन निगम की बसें कर्मचारियों ने खड़ी करवा दीं। जो चालक बस ले जाना चाह रहे थे उनके टायरों की हवा भी निकाली गयी। इस सम्बंध में यूपी रोडवेज इम्पलाइज एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रदीप चतुर्वेदी ने बताया कि भारत सरकार ने कुछ ही माह पूर्व 5 रुपये प्रति लीटर दामों में वृद्वि करने के बाद पुनः 18 जनवरी से डीजल की दरें नियंत्रणमुक्त करते हुए तेल कंपनियों को bus1विक्री की दरें स्वयं निर्धारित करने की छूट दी। प्रत्येक माह 50 पैसे की वृद्वि करने के साथ-साथ वल्क/ थोक में डीजल क्रय करने वालों को 11 रुपये प्रति लीटर अतिरिक्त वृद्वि कर दी है। जिसका विरोध राज्य परिवहन निगम करता है। डीजल के दाम बढ़ने से उत्तर प्रदेश परिवहन निगम में लगभग 25 करोड़ रुपये प्रति माह का व्यय भार बढ़ेगा। जिसका कर्मचारी यूनियन विरोध करती है।

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वहीं मजदूर सभा के अध्यक्ष योगेन्द्र सक्सेना ने बताया कि केन्द्रीय श्रमिक संगठनों इन्टक, एटक, बीएमएस, एचएमएस, सीटू, एआईयूटीयूसी, एआईसीसीटीयू, टीयूसीसी, यूटीयूसी, एलपीएफ द्वारा संयुक्त रूप से देश के समूचे कर्मचारियों/ श्रमिकों की 10 सूत्रीय सामूहिक मांगों के चलते देश व्यापी हड़ताल की गयी है। जिसमें मुख्य रूप से श्रम कानूनों को सख्ती से लागू करने, न्यूनतम वेतन 10 yatriहजार करने सहित अन्य कई मांगों को लेकर राज्य सड़क परिवहन निगम के सभी कर्मचारी दो दिवसीय हड़ताल पर हैं।

बुधवार से शुरू हुई हड़ताल से जन मानस को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ा। यात्री बसों के इंतजार में घंटों बसअड्डे पर बैठे रहे। वहीं जनपद में तकरीबन 18 लाख रुपये का राजस्व नहीं हो सका। पूरे जनपद की 86 गाड़ियां भी अपने अपने बस अड्डों पर खड़ी रहीं। पूरे प्रदेश की बात करें तो प्रदेश की 10 हजार रोडवेज गाड़ियां सड़क पर नहीं चलीं। जिससे पूरे देश में यात्रा करने वाले लोगों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा। इस सम्बंध में फर्रुखाबाद डिपो के एआरएम संजीव यादव ने जेएनआई को बताया कि मजदूर की हड़ताल पूरे देश व्यापी है। जिसका निराकरण भी प्रदेश व देश स्तर पर ही होगा। फिलहाल दो दिन की हड़ताल में तकरीबन 18 लाख रुपये राजस्व का नुकसान जनपद को हुआ है।

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