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फिर शुरू हुआ गौसदन में गायों की मौत का सिलसिला,जिन्दा गाय की आँखे नोच ले गए परिन्देंफिर शुरू हुआ गौसदन में गायों की मौत का सिलसिला,जिन्दा गाय की... फर्रुखाबाद:बीते दिनों कटरी धर्मपुर गौसदन में 70 से अधिक गायों की भूख से तड़प कर मौत हो गयी थी| जिस पर जेएनआई ने गायों की आवाज को शासन व प्रशासन तक पंहुचाने के लिए एक मुहीम छेड दी थी| लगातार कई दिनों तक समाचार प्रकाशित करने के बाद व्यवस्था दुरस्त हुई लेकिन बीते कुछ दिनों से गायों...

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संसद हमले में शहीद हुई थी फर्रुखबाद की बेटी व कन्नौज की बहू कमलेश कुमारीसंसद हमले में शहीद हुई थी फर्रुखबाद की बेटी व कन्नौज की बहू... फर्रुखाबाद:(दीपक-शुक्ला)संसद हमले की 17वीं बरसी पर देश शहीदों को याद कर रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि शहीदों की वीरता को देश सदैव याद करेगा। आपको बताते चले की संसद में जो लोग शहीद हुए उनमे जनपद फर्रुखाबाद का नाम रोशन करने वाली साहसी कमलेश कुमारी भी थी| जिसने शहीद होकर...

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मातम में बदली खुशियां:बहन की डोली से पहले उठी भाई की अर्थीमातम में बदली खुशियां:बहन की डोली से पहले उठी भाई की अर्थी फर्रुखाबाद:शादी की खुशियों में बिन बुलाए मेहमान की तरह जब मौत शरीक हुई तो मातम छा गया। बहन की डोली उठने से पहले भाई की अर्थी उठ गई। दरअसल बहन की शादी में काम कर रहेभाई को तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने कुचल दिया| जिससे भाई की दर्दनाक मौत हो गयी| बहन शादी के जोड़े में अपने भाई के शव पर...

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कन्नौज से अपहरण कर लाया गया व्यापारी बरामदकन्नौज से अपहरण कर लाया गया व्यापारी बरामद फर्रुखाबाद:(राजेपुर)बीते शनिवार को जनपद कन्नौज से अपहरण कर लाये गये आईसक्रीम व्यापारी को पुलिस ने बरामद कर लिया| घटना के सम्बन्ध में व्यापारी के परिजनों को सूचना दी गयी| जनपद कन्नौज के कुसुपुर निवासी अब्दुल जब्बर पुत्र अब्दुल सत्तर ने बताया की उसका मुम्बई में आईस्क्रीम...

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निर्माणधीन बिजली घर चौकीदार नत्थू सिंह की हत्या में चार गिरफ्तारनिर्माणधीन बिजली घर चौकीदार नत्थू सिंह की हत्या में चार गिरफ्तार फर्रुखाबाद:फर्रुखाबाद: बीते 30 अक्टूबर की रात निर्माणाधीन बिजली घर में सो रहे चौकीदार की हत्या कर सिर पर सीमेंट की बोरी रख दी गयी थी| घटना के तकरीबन डेढ़ महीने बाद पुलिस ने हत्या का खुलासा किया| जिसमे पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है| थाना राजेपुर के ग्राम महमदपुर...

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उपमुख्यमंत्री की सभास्थल से कुछ दूर हिन्दू महासंघ का धरनाउपमुख्यमंत्री की सभास्थल से कुछ दूर हिन्दू महासंघ का धरना फर्रुखाबाद: कटरी धर्मपुर गौसदन में गायों की दुर्दशा को लेकर विश्व हिन्दू महासंघ ने धरना दिया| धरने की सूचना पर एसडीएम सदर ने मौके पर जाकर ज्ञापन लिया और धरना समाप्त करा दिया| संगठन के जिलाध्यक्ष अविनाश दुबे ने नेतृत्व में पदाधिकारी रोडबेज बस अड्डे लाल दरवाजे के निकट स्वराज...

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उपमुख्यमंत्री का काफिला रोंक अलीगंज को जिला बनाने की मांगउपमुख्यमंत्री का काफिला रोंक अलीगंज को जिला बनाने की मांग फर्रुखाबाद:उपमुख्यमंत्री केशब प्रसाद मौर्य का काफिला रोंककर अलीगंज को जिला बनाये जाने की मांग की गयी है | इस सम्बन्ध में एक पत्र भी डिप्टी सीएम को सौपा गया है| उन्होंने इस पर जल्द कार्यवाही की बात कही है| केशव प्रसाद मौर्य सभा समाप्त करके जब निरीक्षण भवन फतेहगढ़ पंहुचे वहां...

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जिला उपाध्यक्ष की शिकायत पर उपमुख्यमंत्री ने दिये कार्यवाही के निर्देशजिला उपाध्यक्ष की शिकायत पर उपमुख्यमंत्री ने दिये कार्यवाही... फर्रुखाबाद:शमशाबाद नगर पंचायत के पूर्व अध्यक्ष व वर्तमान में बीजेपी के जिला उपाध्यक्ष विजय गुप्ता ने उप मुख्यमंत्री मंत्री केशव प्रसाद मौर्य से फतेहगढ़ निरीक्षण भवन में मुलाकात की| उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्राधिकारी कायमगंज के दबाव में उनकी माँ नगर पंचायत अध्यक्ष...

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सपा,बसपा व कांग्रेस बिन दुल्हे की बारात: केशब प्रसाद मौर्यसपा,बसपा व कांग्रेस बिन दुल्हे की बारात: केशब प्रसाद मौर्य फर्रुखाबाद:जनपद आये उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने जिले के 33 मार्गो के साथ ही रेलवे ओवरब्रिज के साथ कुल 15843.64 लाख की योजनाओं का बटन दबाकर शिलान्यास किया| इस दौरान वह पूरी तरह से विरोधियों पर हमलावर रहे| उन्होंने कहा आगामी लोकसभा चुनाव में मोदी फिर से पीएम बनेंगे| लेकिन...

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सोशल मीडिया पर पीएम के खिलाफ अशोभनीय पोस्ट पर एनएसए के खिलाफ तहरीरसोशल मीडिया पर पीएम के खिलाफ अशोभनीय पोस्ट पर एनएसए के खिलाफ... फर्रुखाबाद:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ सोशल मीडिया पर अभद्र पोस्ट करने के मामले में बीजेपी नेता भडक गये| उन्होंने नगर शिक्षा अधिकारी के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी| बीजेपी के फतेहगढ़ मंडल अध्यक्ष रामवीर चौहान के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ता कोतवाली पंहुचे| रामवीर...

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नगर पालिका कर्मियों ने निकाली स्वच्छता रैली

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फर्रुखाबाद:नगर पालिका परिषद द्वारा नगर में रैली निकालकर नागरिकों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया। रैली में पालिका स्टाफ के अलावा एनसीसी के बच्चों ने भी भाग लिया।
गुरुवार से रैली का आरंभ किया गया| पालिका अध्यक्ष वत्सला अग्रवाल के नेतृत्व में एनसीसी के बच्चो ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया| उन्होंने नागरिकों से स्वच्छता अभियान में अपना योगदान देने की अपील करते हुए कहा कि नगर को साफ-स्वच्छ रखने में सभी सहयोग करें। उन्होंने कहा कि बिना जन सहयोग के कोई काम नहीं हो सकता। रैली नगर पालिका पालिका से नगर के विभिन्न मोहल्लों एवं मार्गों से होती हुई वापस नगर पालिका पहुंचकर सम्पन्न हुई। रैली में एसडीएम सदर व प्रभारी ईओ नगर पालिका निशांत कुमार के साथ रैली में शामिल बच्चे स्वच्छ फर्रुखाबाद, स्वस्थ फर्रुखाबाद,पॉलीथिन का इस्तेमाल बंद करो,खुले में शौच बंद करो आदि स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर स्वच्छता संबंधी नारे लगाते हुए चल रहे थे।
एनसीसी के कमंडेंट आफिसर कर्नल वीएस, सूबेदार मेजर भूराराम चौधरी, 4 यूपी गर्ल्स वटालियन आदि रहे|

अयोध्या में मंदिर के अलावा कुछ और बन नहीं सकता: उमा भारती

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Posted on : 27-09-2018 | By : JNI-Desk | In : FARRUKHABAD NEWS, Politics, Politics-BJP, धार्मिक, सामाजिक

भोपाल:केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने अयोध्या राम मंदिर मामले में सर्वोच्च अदालत के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि वहां मंदिर के अलावा कुछ और बन नहीं सकता। इस मामले में स्वाभाविक रूप से जो होना है, उस स्थिति को हमने अपनी जान हथेली पर रखकर निर्मित कर दिया है। मंदिर निर्माण का रास्ता खुल गया है, जब तक जिएंगे राम का नाम लेते रहेंगे।
राजधानी में पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए उमा बोलीं कि आज का दिन मेरे लिए महत्वपूर्ण है। यह दो आस्थाओं के टकराव का मामला नहीं है। एक सवाल पर उन्होंने दावा किया कि अयोध्या मुसलमानों का धर्म स्थल नहीं है उनका धर्मस्थल तो मक्का-मदीना है। राममंदिर का फैसला जल्द हो, उसका चुनाव से कोई लेना-देना नहीं है।
एक सवाल पर उनका यह भी सुझाव था कि अब तो यह विवादास्पद जमीन का मामला हो गया, इसलिए कोई बड़ा दिल करके दे नहीं सकता है। ऐसे में देश का मुस्लिम वर्ग आगे बढ़कर यह कह दे कि वहां मंदिर निर्माण करिए तो इससे अच्छा तो कुछ हो नहीं सकता।
देश के विभाजन के लिए कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने धर्म के नाम पर देश का बंटवारा कर दिया। राम का नाम लेने पर 1993 में कांग्रेस ने भाजपा की सरकारें गिरा दी थीं। धारा 356 का दुरुपयोग किया गया था।
व्यापमं मामले को लेकर कांग्रेस नेताओं पर एफआईआर पर उन्होंने कहा कि कोर्ट सबका पक्ष सुनता है किसी को रोक नहीं सकते। महिलाओं के संबंध में कोर्ट के ताजा फैसले पर वह बोलीं कि हर मामले को लेकर कोर्ट जाना ठीक नहीं है। महिलाएं हर मामले में पुरुषों से श्रेष्ठ हैं।

सुप्रीम फैसला:अब पति महिला का ‘स्वामी’ नहीं

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नई दिल्‍ली:अडल्टरी (व्याभिचार) क़ानून पर विवाद नया नहीं है। आजादी के बाद 1954 में पहली बार इस कानून पर सवाल उठाया गया। इसके बाद से कई बार कानून पर सवाल उठते रहे। दरअसल, आजादी के बाद कानून के जानकारों का ये तर्क रहा है कि जब दो वयस्कों की मर्जी से कोई विवाहेतर संबंध स्थापित किए जाते हैं तो इसके परिणाम में महज़ एक पक्ष को ही सज़ा क्यों दी जाए ? हालांकि एक बार फ‍िर सुप्रीम कोर्ट के ताजे फैसले के बाद यह मामला सुर्खियों में है। आइए जानते हैं क्‍या है अडल्ट्री क़ानून। आखिर क़ानूनी भाषा में क्‍या है इसके मायने। क्‍या है सजा का प्रावधान।
1860 में अडल्टरी क़ानून अस्तित्‍व में आया
1860 यानी ब्रिटिश राज में अडल्टरी क़ानून अस्तित्‍व में आया यानी यह 158 साल पूराना कानून है। आइपीसी की धारा 497 के तहत इस कानून को परिभाषित किया गया है। इसके तहत अगर कोई मर्द किसी दूसरी शादीशुदा महिला के साथ उसकी रजामंदी से शारीरिक संबंध बनाता है तो संबंध बनाने वाली महिला के पति की शिकायत पर संबंध बनाने वाले पुरुष को अडल्टरी क़ानून के तहत गुनहगार माना जाएगा। यानी शारीरिक संबंध बनाने वाला मर्द गुनहगार होगा। गुनाह साबित होने पर संबंध बनाने वाले पुरुष को पांच साल की कैद और जुर्माना या फ‍िर दाेनों ही सजा का प्रावधान है। हालांकि, इस अडल्टरी क़ानून में एक पेंच यह है कि अगर कोई शादीशुदा मर्द किसी कुंवारी या विधवा औरत से शारीरिक संबंध बनाता है तो वह अडल्टरी के तहत दोषी नहीं माना जाएगा।
1954 मेें पहली बार अडल्टरी कानून पर उठा सवाल
अडल्टरी कानून पर पहले भी सवाल उठाए जाते रहे हैं। आजादी के बाद 1954 मेें पहली बार अडल्टरी कानून पर सवाल उठाया गया। इसके बाद वर्ष 1985 और 1988 में भी इस कानून पर सवाल उठे। वहीं 1954 और 2011 में दो बार इस मामले पर फ़ैसला भी सुनाया जा चुका है, जिसमें इस क़ानून को समानता के अधिकार का उल्लंघन करने वाला नहीं माना गया। हालांकि, 2017 में देश की शीर्ष अदालत ने एक याचिका पर सुनवाई करते हुए यह सवाल किया था कि सिर्फ़ पुरुष को गुनहगार मानने वाला अडल्टरी क़ानून कहीं पुराना तो नहीं हो गया है ? उस वक्‍त ही इस कानून पर शीर्ष अदालत का रुख साफ हो गया था।
संवैधानिक पीठ का ताजे फैसले का निहितार्थ
सुप्रीम कोर्ट ने अपने फ़ैसले में कहा कि ये क़ानून मनमाना है और समानता के अधिकार का स्पष्ट उल्लंघन है। महिला की देह पर उसका अपना हक है, पति महिला का स्‍वामी नहीं है। इससे कदापि समझौता नहीं किया जा सकता है। यह उसका अधिकार है और उस पर किसी तरह की शर्तें या प्रतिबंध नहीं थोपा जा सकता है।

– यह भारतीय पितृसत्तात्मक समाज का परिणाम है। यानी यह कानून पितृसत्तात्मक समाज का पोषण करता है। पवित्रता का आशय सिर्फ़ महिलाओं के लिए नहीं है और ये समान रूप से पतियों यानी पुरुषों पर भी लागू होना चाहिए।
– पीठ का कहना है कि जो प्रावधान किसी व्यक्ति के सम्मान और महिलाओं के समानता के अधिकार को प्रभावित करता है, वो संविधान के लिए गैर कानूनी है। इसे उचित या सही नहीं कहा जा सकता है। हां, अडल्टरी तलाक का आधार बना रहेगा

इटली में रहने वाले एनआरआई ने दायर की याचिका
दिसंबर 2017 में इटली में रहने वाले एनआरआई जोसेफ़ शाइन ने उच्‍चतम न्‍यायाल में एक जनहित याचिका दायर की थी। उनकी अपील थी कि आईपीसी की धारा 497 के तहत बने अडल्टरी क़ानून में पुरुष और महिला दोनों को ही बराबर सज़ा दी जानी चाहिए। इस याचिका के जवाब में सरकार ने कोर्ट में कहा है कि अगर इस क़ानून में बदलाव कर पुरुष और महिला दोनों को सज़ा का प्रावधान किया जाता है तो इससे अडल्टरी क़ानून हल्का हो जाएगा और समाज पर इसका बुरा प्रभाव पड़ेगा। इस याचिका के जवाब में सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि ऐसा करने के लिए अडल्टरी क़ानून में बदलाव करने पर क़ानून हल्का हो जाएगा और समाज पर इसका बुरा प्रभाव पड़ेगा। जानकार मानते हैं कि इस फ़ैसले का असर कई और मामलों पर भी पड़ सकता है।

जलोटा जैसी कहानी: 70 साल के ‘गुरु’ से 20 वर्षीय शिष्या को हो गया प्यार

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Posted on : 27-09-2018 | By : JNI-Desk | In : FARRUKHABAD NEWS, POLICE, जिला प्रशासन, सामाजिक

अबोहर:बिग बॉस हाउस में भजन सम्राट 65 वर्षीय अनूप जलोटा और उनकी 28 वर्षीया शिष्या के प्रेम संबंधों की बात उजागर होने के बाद पंजाब में भी एेसे ही ‘प्रेम गुरु’ की कहानी सामने आई है। यहां एक 70 वर्षीय रिटायर्ड प्राध्यापक को अपनी 20 वर्षीय शिष्या से प्यार हो गया। दोनों भागकर रामेश्वरम पहुंच गए। मामले की शिकायत लड़की के परिजनों ने पुलिस से की तो दोनों को यहां लाया गया। परिजनों ने लड़की को समझाया भी, लेकिन वह रिटायर्ड प्राध्यापक के प्यार में अभी पूरी तरह जकड़ी हुई है।
दोनों 5 दिन पहले घर से फरार हो गए थे। रामेश्वरम से यहां लाने के बाद रिटायर्ड प्राध्यापक को अबोहर की अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 14 दिन के लिए जेल भेज दिया गया है, जबकि उसकी शिष्या भी पुलिस हिरासत में रहेगी। इससे पहले पुलिस ने लड़की के परिजनों के बयानों पर रिटायर्ड प्राध्यापक के खिलाफ धारा 363, 366 के तहत मुकदमा दर्ज किया था। दोनों को आज जब अदालत में पेश करने के बाद बाहर लाया गया तो पुलिस उन्हें एक ही गाड़ी में ले गई।
अदालत के बाहर लड़की का ताऊ और चचेरा भाई भी बैठा था। लेकिन, लड़की ने उन्हें भी अनदेखा कर दिया। उसके ताऊ ने बताया कि वे अपनी लड़की को समझाने के लिए कल भी थाने गए थे, लेकिन ऐसा लगता है कि रिटायर्ड प्रध्यापक ने पूरी तरह उसे अपने प्रभाव में लिया हुआ है।नई आबादी निवासी बुजुर्ग पूर्व प्रध्यापक को सरकारी नौकरी से रिटायर्ड हुए करीब 12 साल हो गए हैं। उसके बाद वो बच्चों को ट्यूशन पढ़ाने लगे। चार साल पहले वह जैन नगरी निवासी लड़की को उसके घर पर ही ट्यूशन पढ़ाने लगे। उस समय लड़की की उम्र करीब 15 साल थी। बताया जाता है कि तब से ही रिटायर्ड प्राध्यापक ने उसे अपने प्रेमजाल में फंसा लिया।
रिटायर्ड प्राध्यापक को उसकी शिष्या के परिजनों ने करीब एक साल पहले सरेआम बाजार में पीटा भी था। सूत्रों के मुताबिक जब एक दिन वो घर ट्यूशन पढ़ाने आया तो लड़की के परिजनों को उस पर शक हो गया। इसके बाद उसे बाजार में घेरकर न सिर्फ पीटा, बल्कि एक टांग भी तोड़ दी थी। बाबजूद इसके दोनों में प्रेम संबंध लगातार बना रहा। जैसे ही छात्रा बालिग हुई वह उसके साथ फरार हो गई।

गरीबों को राशन दिलाने में बेअसर मंत्री का पत्र!

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Posted on : 27-09-2018 | By : JNI-Desk | In : FARRUKHABAD NEWS, जिला प्रशासन, सामाजिक

फर्रुखाबाद:(अमृतपुर) योगी सरकार में श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के पत्र लिखने के बाद भी अभी तक पीड़ित को न्याय नही मिल सका है| जिससे फरियादी आहत है|
विकास खंड के ग्राम हुसैनपुर राजपुर के ग्रामीणों ने मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य से भेट कर शिकायत की थी| ग्रामीणों ने शिकायत में कहा कि उचित दर विक्रेता सोनपाल दबंग किस्म का है वह दारू पीता है जो लाभार्थी उनके यहां राशन लेने जाता है उन लोगों को वह नशे में गाली-गलौज करता है और भगा देता है| जिस पर मंत्री ने जिलाधिकारी को पत्र लिखा की ग्रामीणों को राहत दी जाये| पत्र लेकर भाजपा संगठन सदस्य राजपुर हुसैनपुर के आदेश कुमार ने डीएम मोनिका रानी से मिलकर इस संबंध में जानकारी दी| डीएम मोनिका रानी ने 3 दिन का समय कार्यवाही कराने के लिये माँगा| लेकिन पांच दिन का समय गुजर जाने के बाद मंत्री का पत्र गरीबों को राशन दिलाने में कारगर साबित नही हुआ|
एसडीएम रमेश चन्द्र यादव ने बताया की प्रकरण उनके संज्ञान में है| पूर्ति निरीक्षक ने अभी रिपोर्ट नही भेजी है| रिपोर्ट आने पर कार्यवाही की जायेगी |

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